बोकारो , दिसंबर 16 -- झारखंड में बोकारो जिले के हरला थाना क्षेत्र के सेक्टर 8 निवासी जयंत कुमार सिंह का अपहरण और हत्या का मुख्य कारण कुख्यात अपराधी विनोद खोपड़ी के प्रतिष्ठा में ठेस पहुंचाना रहा।
बोकारो के पुलिस अधीक्षक हरविंदर सिंह ने आज यहां बताया कि आरोपी विनोद खोपड़ी के साथ जयंत कुमार सिंह के फोन पर हुए हुई कड़ाई से बातचीत को आरोपी ने अपनी प्रतिष्ठा में ठेस पहुंचाना समझा और उसका अपहरण करा कर अपने गैंग से उसकी हत्या करवा दी।
पुलिस इस मामले में विनोद कुमार उर्फ विनोद खोपड़ी, मनोज कुमार, संजीव कुमार ,आनंद कुमार ,वरुण कुमार पासवान और संजय सिंह को गिरफ्तार किया है ।इस मामले में अन्य आरोपी की भी गिरफ्तारी के संभावना है।
एसपी ने बताया कि दोस्त ही बना कातिलों का मोहरा और शराब के नशे में जयंत की बेरहमी से हत्या कर दी। भरोसेमंद परिचित वरुण कुमार उर्फ वरुण पासवान ही उसे मौत के मुंह तक ले गया। पुलिस के अनुसार विगत 10 दिसंबर को वरुण ने साजिश के तहत जयंत को घर से बाहर बुलाया, शराब पिलाई और जब वह पूरी तरह नशे में हो गया, तो उसे सड़क किनारे मास्टरमाइंड बिनोद कुमार उर्फ बिनोद खोपड़ी के सामने लाकर छोड़ दिया।
इसके बाद आरोपियों ने डंडे से बेरहमी से पीट-पीटकर जयंत की हत्या कर दी और शव को गिरिडीह जिले के पीरटांड़ थाना क्षेत्र अंतर्गत जलेबिया घाटी में फेंक दिया। हत्या के बाद वरुण ने खुद को बचाने के लिए बेहद शातिर चाल चली। वह मृतक की पत्नी अमृता सिंह के साथ थाने पहुंचा, अपहरण की रिपोर्ट लिखवाई और तीन दिन बाद उसे लेकर एसपी कार्यालय में भी गुहार लगाने गया, ताकि किसी को उस पर शक न हो।
विगत 11 दिसंबर 2025 को दर्ज प्राथमिकी के बाद एसपी बोकारो के निर्देश पर नगर डीएसपी आलोक रंजन के नेतृत्व में गठित एसआईटी ने तकनीकी व परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर पूरे कांड का पर्दाफाश किया। पुलिस ने हत्या मे प्रयोग किए गए एक ऑल्टो कार, दो मोबाइल और चार लाठियां बरामद की हैं। अन्य फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है।
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