बीजापुर , जनवरी 06 -- बीजापुर जिले के उपार्जन केंद्रों में धान का समय पर उठाव नहीं होने से खरीदी व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। हालात की गंभीरता को देखते हुए सहकारी समिति कर्मचारी संघ, जिला बीजापुर ने कलेक्टर को पत्र लिखकर नौ जनवरी से धान खरीदी बंद करने की चेतावनी दी है।

संघ का कहना है कि जिला विपणन विभाग की सुस्ती और लापरवाही के कारण उपार्जन केंद्रों में धान का भारी जाम लग गया है, जिससे न केवल समितियों बल्कि किसानों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

कर्मचारी संघ के अनुसार, जिले के कुल 30 उपार्जन केंद्रों में पांच जनवरी तक 48,842 मीट्रिक टन धान की खरीदी की जा चुकी है लेकिन अब तक मात्र 1,084 मीट्रिक टन धान का ही उठाव हो सका है। यह कुल खरीदी का केवल 2.22 प्रतिशत है। जिले के 30 में से 27 उपार्जन केंद्रों में विपणन विभाग द्वारा निर्धारित समय-सीमा में धान का उठाव नहीं किया गया, जिसके चलते खरीदी कार्य लगभग ठप होने की कगार पर पहुंच गया है।

संघ ने कहा कि लगातार खरीदी के कारण उपार्जन केंद्रों में बारदाना पूरी तरह भर चुका है। गोदामों और खुले प्लेटफार्मों में धान रखने की जगह नहीं बची है, जिससे नए किसानों से धान लेना संभव नहीं हो पा रहा है। इससे किसानों को बार-बार लौटना पड़ रहा है और उनमें असंतोष बढ़ रहा है।

कर्मचारी संघ ने कलेक्टर से मांग की है कि जिला विपणन अधिकारी को तत्काल निर्देश देकर उपार्जन केंद्रों में जमा धान का शीघ्र उठाव सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं हुआ तो 9 जनवरी से धान खरीदी बंद करना मजबूरी होगी।

संघ ने यह भी आशंका जताई है कि लंबे समय तक केंद्रों में धान पड़े रहने से उसकी सुरक्षा और गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।

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