, March 19 -- कृषि मंत्री ने कहा कि बागवानी किसानों के लिए "एटीएम" के समान है, जो कम समय में अधिक लाभ देने की क्षमता रखता है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में राज्य में बागवानी को तेजी से बढ़ावा दिया जा रहा है और किसान तथा खेती सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।उन्होंने कहा कि यह आयोजन बिहार की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

श्री यादव ने कहा कि जलवायु-अनुकूल एवं उच्च लाभकारी बागवानी फसलों पर ध्यान केंद्रित करने से किसानों की आय में वृद्धि होगी और बिहार कृषि-व्यवसाय के एक नए केंद्र के रूप में स्थापित होगा।

उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के दौरान उद्यान पाठशाला के माध्यम से किसानों एवं युवाओं को आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। वहीं "चाणक्य हॉर्टी-पिच" के जरिए स्टार्टअप एवं युवा उद्यमियों को अपने नवाचार प्रस्तुत करने एवं निवेश प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। इससे राज्य में युवाओं एवं महिलाओं के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

कृषि मंत्री ने बताया कि आयोजन में डिजिटल तकनीकों का व्यापक उपयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि क्यूआर कोड एवं इंटरैक्टिव कियोस्क के माध्यम से आगंतुकों को सभी आवश्यक जानकारी उनके मोबाइल पर उपलब्ध होगी। बच्चों के लिए ग्रीन इनोवेशन जोन भी बनाया गया है, जहां वे पर्यावरण एवं खेती से जुड़ी नई जानकारियां प्राप्त कर सकेंगे।उन्होंने राज्य के सभी किसानों, नर्सरी संचालकों, बागवानों, युवा उद्यमियों, स्टार्टअप, शोधकर्ताओं एवं आमजन से अपील की कि वे इस महत्वपूर्ण आयोजन में अधिक-से-अधिक संख्या में भाग लेकर इसका लाभ उठाएं।

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