पटना , अप्रैल 09 -- बिहार के सीमावर्ती जिलों पूर्वी चम्पारण, पश्चिमी चम्पारण, मधुबनी, सीतामढ़ी, किशनगंज, सुपौल और अररिया के जिला प्रशासन ने भारत-नेपाल सीमा प्रबंधन और विकास कार्यों की संयुक्त समीक्षा के बाद महत्वपूर्ण प्रगति रिपोर्ट साझा की गई।

बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में सीमावर्ती जिलों के जिलाधिकारियों ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से वर्तमान वस्तुस्थिति की विस्तृत जानकारी दी।

सीमा सुरक्षा को पुख्ता करने के उद्देश्य से 'नो मैन्स लैंड' और अंतरराष्ट्रीय सीमा के 15 किलोमीटर के दायरे में अवैध अतिक्रमण हटाने का सघन अभियान चलाया जा रहा है। मधुबनी में पहचान की गई सभी 186 अवैध संरचनाओं को ध्वस्त कर दिया गया है, जबकि किशनगंज में पिछले एक माह में सभी 34 चिन्हित अतिक्रमण हटा दिए गए हैं । पश्चिमी चम्पारण में भी 272 में से 261 अतिक्रमण हटाए जा चुके हैं, और शेष के लिए नेपाली अधिकारियों से समन्वय स्थापित किया जा रहा है।

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