जमुई, मार्च 18 -- बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बुधवार को कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य है कि बिहार के युवा दक्ष एवं आत्मनिर्भर हों तथा उन्हें अधिक से अधिक रोजगार मिल सके एवं उनका भविष्य सुरक्षित हो।

मुख्यमंत्री श्री कुमार ने आज समृद्धि यात्रा के क्रम में जमुई के लछुआड़ में विकासात्मक एवं कल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने प्रगति यात्रा के दौरान घोषित विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन के बारे में अधिकारियों से जानकारी ली। समीक्षा बैठक के दौरान जमुई के जिलाधिकारी नवीन ने प्रगति यात्रा से संबंधित योजनाओं, सात निश्चय-2 की योजनाओं तथा सात निश्चय-3 की योजनाओं के क्रियान्वयन के संबंध में प्रस्तुतीकरण के माध्यम से मुख्यमंत्री को विस्तृत जानकारी दी। जिलाधिकारी ने जिले में किए जा रहे अन्य विकास कार्यों की भी जानकारी दी।

श्री कुमार ने समीक्षा बैठक के दौरान कहा कि राज्य सरकार ने अगले पांच वर्षों में एक करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार देने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि राज्य में उद्योग लगाने और स्वरोजगार करने वालों को कई प्रकार की सुविधायें देकर सरकार उन्हें प्रोत्साहित कर रही है। बिहार में उद्योग लगाने के लिये उद्यमियों को विशेष आर्थिक पैकेज दिया जा रहा है, जिससे राज्य में उद्योग लगाने वाले उद्यमियों को काफी मदद मिलेगी। उद्योग लगाने के लिये सभी जिलों में सुविधायें दी जा रही हैं।

मुख्यमंत्री श्री कुमार ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य है कि बिहार में उद्योगों को और ज्यादा बढ़ावा मिले, बिहार के युवा दक्ष एवं आत्मनिर्भर हों तथा उन्हें अधिक से अधिक रोजगार मिल सके एवं उनका भविष्य सुरक्षित हो। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप नीति बनाई गई है, जिससे युवा अपना रोजगार शुरू कर सकें। राज्य के युवा दक्ष और सक्षम हों इसके लिए सरकार काम कर रही है।

श्री कुमार ने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य है कि सभी लोगों का सम्मान हो एवं उनका जीवन यापन आसान हो। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी संवेदनशीलता के साथ योजनाओं को क्रियान्वित करें, जिससे बिहार देश के सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल हो सके।

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