लखनऊ , फरवरी 01 -- उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने केंद्रीय बजट 2026-27 का स्वागत करते हुए इसे सर्वसमावेशी दृष्टि, दूरदर्शी सोच और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प का मजबूत दस्तावेज बताया है।

उन्होंने कहा कि यह बजट भारतीय आकांक्षाओं का प्रतिबिंब है और समाज के प्रत्येक वर्ग को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की स्पष्ट प्रतिबद्धता दर्शाता है। राज्यपाल ने कहा कि करीब 25 करोड़ लोगों का गरीबी से बाहर आना, राजकोषीय अनुशासन, नियंत्रित घाटा और संतुलित कर्ज-जीडीपी अनुपात इस बात का प्रमाण है कि भारत की विकास यात्रा सुदृढ़ आधार पर आगे बढ़ रही है। उनके अनुसार यह बजट किसान, युवा, महिला, श्रमिक, छात्र, उद्यमी और उद्योग सभी को समान संवेदनशीलता के साथ संबल प्रदान करता है।

उन्होंने कृषि क्षेत्र में 'भारत विस्तार' जैसे एआई आधारित नवाचार, शिक्षा में छात्राओं के लिए हॉस्टल, खेलो इंडिया के माध्यम से कौशल एवं रोजगार, आयुष और एवीजीसी सेक्टर के विस्तार, एमएसएमई व मैन्युफैक्चरिंग को प्रोत्साहन तथा हरित उद्योगों के लिए कार्बन कैप्चर जैसे प्रावधानों को विकसित भारत की दिशा में ठोस कदम बताया।

राज्यपाल ने विश्वास व्यक्त किया कि इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिकॉर्ड निवेश, रेल व जलमार्गों का विस्तार, ग्रामीण स्वराज और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने की पहल भारत को आर्थिक, सामाजिक और पर्यावरणीय रूप से सशक्त बनाएगी। उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट 2026-27 सुधारों की गति, आत्मनिर्भरता की शक्ति और समृद्ध भारत के उज्ज्वल भविष्य का पाथेय सिद्ध होगा।

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