पटना , जनवरी 06 -- आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) की विशेष टीम ने सोमवार को राजधानी पटना के गोला रोड इलाके में छापेमारी कर संजीव मुखिया गिरोह के एक सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार कर लिया है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान बिपुल कुमार उर्फ बिपुल शर्मा के रूप में की गई है।
ईओयू के अनुसार, आरोपी बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा (टीआरई-3) के पेपर लीक मामले में शामिल था। इसके अलावा वह वर्ष 2023 में हरियाणा एसटीईटी परीक्षा का पेपर लीक कराने में भी संलिप्त रहा है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी से गहन पूछताछ की गई, जिसके उपरांत उसे न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
उल्लेखनीय है कि बिहार लोक सेवा आयोग के माध्यम से आयोजित शिक्षक भर्ती परीक्षा टीआरई-3 का पेपर लीक होने के बाद आर्थिक अपराध थाना में इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए ईओयू की विशेष टीम गठित की गई थी।
ईओयू ने बताया कि इस प्रकरण में अब तक करीब 289 आरोपितों की गिरफ्तारी की जा चुकी है, जबकि शेष फरार आरोपितों की धरपकड़ के लिये लगातार छापेमारी की जा रही है।
ईओयू को सोमवार को गुप्त सूचना मिली थी कि संजीव मुखिया गिरोह का वांछित आरोपी बिपुल कुमार गोला रोड स्थित अपने आवास में छिपा हुआ है। सूचना के सत्यापन के बाद टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुये उसके घर पर छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
ईओयू के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपी ने स्वीकार किया कि वह गिरोह के अन्य सदस्यों के साथ मिलकर प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल अभ्यर्थियों को परीक्षा पास कराने का झांसा देता था और उनसे मोटी रकम वसूलता था। उसने यह भी कबूल किया कि वह बीपीएससी की ओर से आयोजित टीआरई-3 परीक्षा के पेपर लीक में सीधे तौर पर शामिल था।
आर्थिक अपराध इकाई ने स्पष्ट किया है कि पेपर लीक जैसे संगठित अपराधों पर सख्ती से कार्रवाई जारी रहेगी और इस नेटवर्क से जुड़े किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जायेगा।
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