जालंधर , अक्टूबर 31 -- पंजाब राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग (पीएससीपीसीआर) के अध्यक्ष कंवरदीप सिंह ने शुक्रवार को जालंधर ग्रामीण पुलिस के अधिकारियों के साथ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कार्यालय, में यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम के तहत दर्ज मामलों की व्यापक समीक्षा की।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरविंदर सिंह विर्क, महिला एवं बाल विकास विभाग के संयुक्त निदेशक राजविंदर सिंह गिल, उप निदेशक गुलबहार सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी मनजिंदर सिंह, डीसीपीओ अजय भारती और कानूनी परिवीक्षा अधिकारी संदीप कुमार के साथ, अध्यक्ष ने चल रहे पॉक्सो मामलों की प्रगति की विस्तार से जांच की। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को बाल अधिकारों के उल्लंघन के सभी मामलों में त्वरित और पारदर्शी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिये।

निवारक जागरूकता की आवश्यकता पर बल देते हुए, श्री सिंह ने अधिकारियों को पॉक्सो अधिनियम के प्रावधानों के बारे में छात्रों और शिक्षकों को जागरूक करने के लिए शैक्षणिक संस्थानों में एक गहन अभियान शुरू करने का निर्देश दिया। उन्होंने बच्चों को चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 के बारे में शिक्षित करने के महत्व पर प्रकाश डाला, जिससे वे बिना किसी हिचकिचाहट के घटनाओं की सूचना दे सकें।

समीक्षा के दौरान, अध्यक्ष ने एक प्रभावित बच्चे के परिवार से भी बातचीत की, जालंधर ग्रामीण पुलिस द्वारा की गयी कार्रवाई का आकलन किया और दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने का आश्वासन दिया। बाल अधिकारों की रक्षा के लिए पंजाब सरकार की प्रतिबद्धता की पुष्टि करते हुए, कंवरदीप सिंह ने ज़ोर देकर कहा कि बाल संरक्षण कानूनों का प्रभावी ढंग से पालन राज्य प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित