जयपुर , नवम्बर 01 -- राजस्थान में पीएम-कुसुम योजना के तहत जयपुर डिस्कॉम में शुक्रवार को एक ही दिन में पांच सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किए गए।

आधिकारिक सूत्रों ने शनिवार को बताया कि कुल 9.28 मेगावाट क्षमता के इन विकेन्द्रित लघु सौर ऊर्जा संयंत्रों के माध्यम से संबंधित 33/11 केवी सब स्टेशन क्षेत्रों में आने वाले 1314 कृषि उपभोक्ताओं को दिन में बिजली मिल सकेगी।

उल्लेखनीय है कि कुसुम योजना के कम्पानेंट-ए एवं कम्पोनेंट-सी में जयपुर डिस्कॉम में अब तक कुल 237 मेगावाट क्षमता के 121 संयंत्र कार्यशील किए जा चुके हैं। जिनसे 24 हजार 208 किसानों को कृषि कार्य के लिए दिन में बिजली मिल रही है।

सूत्रों ने बताया कि सुनेल (झालावाड़) में 4.06 मेगावाट, पीपलू (टोंक) में 0.83 मेगावाट, ब्रह्मबाद (भरतपुर) में 2.29 मेगावाट, राडावास (जयपुर जिला सर्किल उत्तर) में 1.25 मेगावाट और देवली (टोंक) में 0.85 मेगावाट के संयंत्र स्थापित किये गये हैं।

सूत्रों ने बताया कि राज्य के जयपुर, जोधपुर एवं अजमेर विद्युत वितरण निगमों में कम्पोनेंट-ए एवं कम्पोनेंट-सी में अब तक कुल 2170 मेगावाट क्षमता के 1018 सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। जिनसे एक लाख 33 हजार से अधिक किसानों को दिन में बिजली देना संभव हो रहा है। इनमें तीन-चौथाई से भी अधिक 780 संयंत्र तो अकेले जोधपुर डिस्कॉम में स्थापित हुए हैं। जिनकी क्षमता 1766 मेगावाट है।

इसी प्रकार अजमेर डिस्कॉम में 168 मेगावाट के 117 संयंत्र कार्यशील किए जा चुके हैं। जोधपुर विद्युत वितरण निगम में इन संयंत्रों के अधिक स्थापित होने के पीछे आवश्यक अनुपजाऊ भूमि की उपलब्धता का होना महत्वपूर्ण कारण है।

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