चंडीगढ़ , फरवरी 06 -- हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि छात्रों को परीक्षाओं को दबाव के रूप में नहीं बल्कि उत्सव की तरह लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा किसी भी छात्र की पहचान नहीं होती बल्कि परीक्षा की तैयारी के दौरान की गई मेहनत, लगन और समर्पण ही उसकी सच्ची पहचान होती है।
मुख्यमंत्री शुक्रवार को कैथल स्थित आरकेएसडी कॉलेज के सभागार में शिक्षा निदेशालय द्वारा आयोजित परीक्षा पे चर्चा के राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने छात्रों के साथ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 'एग्जाम वॉरियर्स' विशेष कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देखा।
इसके उपरांत श्री सैनी ने नौवीं से बारहवीं कक्षा तक के छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों को संबोधित करते हुए परीक्षा को लेकर उनके मन से भय और तनाव दूर करने का संदेश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री हर वर्ष परीक्षा से पहले छात्रों से संवाद कर उनका मनोबल बढ़ाते हैं।
इस बार भी प्रधानमंत्री ने परीक्षा के साथ-साथ विकसित भारत स्वच्छता और कर्तव्य जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर छात्रों से चर्चा की। उन्होंने कहा कि आज के छात्र ही भविष्य के भारत की नींव हैं और देश को विकसित राष्ट्र बनाने में उनकी भूमिका सबसे अहम होगी। मुख्यमंत्री ने छात्रों से स्वच्छता अभियानों और सामाजिक दायित्वों में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
श्री सैनी ने कहा कि परीक्षा पे चर्चा केवल अंकों तक सीमित कार्यक्रम नहीं है बल्कि यह आत्मविश्वास मानसिक मजबूती और आत्म-मूल्यांकन का मंच है। यदि कभी परीक्षा में अपेक्षा के अनुसार परिणाम नहीं आते हैं तो घबराने की आवश्यकता नहीं है। निरंतर प्रयास सकारात्मक सोच और अनुशासन से सफलता अवश्य प्राप्त होती है।
कार्यक्रम में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कृष्ण कुमार बेदी भाजपा जिला अध्यक्ष ज्योति सैनी पूर्व मंत्री कमलेश ढांडा पूर्व विधायक लीला राम जिला परिषद अध्यक्ष कर्मबीर कौल नगर परिषद अध्यक्ष सुरभि गर्ग आरकेएसडी कॉलेज समिति अध्यक्ष अश्वनी शोरेवाला सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
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