धार , मार्च 26 -- मध्यप्रदेश के धार जिले के तिरला क्षेत्र में सहकारिता विभाग के प्रभारी प्रबंधक अशोक पाटीदार की मौत के मामले में परिजनों ने विभाग के तीन अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए हत्या का प्रकरण दर्ज करने की मांग की है।
मृतक की पत्नी जानीबाई पाटीदार ने तिरला थाने में आवेदन देकर जिला उपायुक्त सहकारिता, सोसायटी प्रशासक और जिला सहकारी बैंक प्रबंधक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। परिजनों का आरोप है कि अशोक पाटीदार को 65 वर्ष की आयु पार करने के बावजूद सेवानिवृत्त नहीं किया गया और उन पर 12.63 लाख रुपए जमा करने का नोटिस देकर मानसिक दबाव बनाया गया, जिससे सदमे में आकर 15 मार्च की रात उनकी मौत हो गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, तिरला स्थित प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति में अशोक पाटीदार प्रभारी प्रबंधक के पद पर कार्यरत थे। परिजनों का कहना है कि शासन के नियमों के तहत 62 वर्ष की आयु में सेवानिवृत्ति अनिवार्य है, लेकिन उन्हें 65 वर्ष तक पद पर बनाए रखा गया।
मृतक की पत्नी के अनुसार 12 मार्च 2026 को जिला सहकारी बैंक धार द्वारा 12 लाख 63 हजार 526 रुपए तीन दिन में जमा करने का नोटिस दिया गया था। नोटिस में अनियमितता और राशि के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए पुलिस कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई थी, जिसके बाद वे गहरे तनाव में आ गए थे।
परिजनों ने आरोप लगाया कि अधिकारियों ने जानबूझकर सेवानिवृत्ति नहीं दी और रिकॉर्ड में अनियमित कार्य कराकर आर्थिक शोषण किया। उनका कहना है कि नोटिस के माध्यम से मानसिक दबाव बनाकर प्रताड़ित किया गया, जबकि मृतक का सेवा काल बेदाग रहा। इस संबंध में जिला उप पंजीयक सहकारी संस्था वर्षा श्रीवास ने कहा कि विभाग की ओर से किसी प्रकार का दबाव नहीं डाला गया है। उन्होंने बताया कि मामला जांच का विषय है और वसूली की राशि बकाया थी।
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