नैनीताल , दिसंबर 08 -- नैनीताल जिले में लगातार बढ़ रहे मानव-वन्यजीव संघर्ष को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने सोमवार को सभी प्रभागीय वनाधिकारियों (डीएफओ) को सख्त दिशा-निर्देश दिया।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि जंगल से सटे गांवों और आबादी वाले क्षेत्रों में सोलर फेंसिंग को दुरुस्त किया जाए और उसका नियमित रख-रखाव अनिवार्य किया जाए, जिससे जंगली जानवरों की आवाजाही पर नियंत्रण किया जा सके।

उन्होंने वन विभाग को निर्देशित किया कि संवेदनशील इलाकों में गश्त बढ़ाई जाए, ताकि ग्रामीणों की सुरक्षा हर हाल में सुनिश्चित हो सके। डीएम ने यह भी कहा कि यदि किसी क्षेत्र में तेंदुए या किसी अन्य वन्यजीव की मूवमेंट बढ़ती है, तो स्थिति को देखते हुए स्कूलों की टाइमिंग में बदलाव भी किया जाए, जिसकी जिम्मेदारी शिक्षा विभाग को दी गई है।

इसके साथ ही डीएम ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे जंगल से सटे क्षेत्रों में अकेले आवागमन न करें और सतर्कता बरतें। कृषि विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि जिन इलाकों में जानवरों की आवाजाही अधिक है, वहां ऐसी फसलें उगाने पर विचार किया जाए, जिससे वन्यजीवों का आकर्षण कम हो।

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