चंपावत , मार्च 13 -- उत्तराखंड के चंपावत जिले में सेब बागवानी को नई दिशा देने के उद्देश्य से नीदरलैंड के सहयोग से काश्तकारों को आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसी क्रम में सेब की प्रूनिंग और ट्रेनिंग पर एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित कर किसानों को वैज्ञानिक बागवानी के तरीके सिखाए गए। चौबटिया उद्यान अनुसंधान केंद्र में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में चंपावत जिले के काश्तकार ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग कर रहे हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को सेब उत्पादन की आधुनिक तकनीकों से अवगत कराना और बागवानी प्रबंधन को अधिक प्रभावी बनाना था।
जिला उद्यान अधिकारी मोहित मल्ली ने बताया कि प्रशिक्षण का संचालन नीदरलैंड से आए बागवानी विशेषज्ञ डॉ. पीटर द्वारा किया गया। वह उत्तराखंड सरकार और नीदरलैंड सरकार के बीच चल रहे सहयोग कार्यक्रम के तहत यहां पहुंचे हैं। प्रशिक्षण के दौरान उन्होंने काश्तकारों को सेब के पौधों की वैज्ञानिक प्रूनिंग, सही ट्रेनिंग, पौधों की देखभाल और उत्पादन बढ़ाने से जुड़ी आधुनिक तकनीकों की विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि वैज्ञानिक तरीके से बाग प्रबंधन करने से सेब की गुणवत्ता और उत्पादकता दोनों में सुधार संभव है। इससे काश्तकारों की आय बढ़ाने के साथ-साथ क्षेत्र में सेब बागवानी को भी नई गति मिलेगी।
प्रशिक्षण के दौरान काश्तकारों ने विशेषज्ञ से विभिन्न विषयों पर सवाल पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान भी प्राप्त किया। अधिकारियों ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों से किसानों को नई तकनीकों की जानकारी मिलती है और स्थानीय स्तर पर फलोत्पादन को प्रोत्साहन मिलता है। कार्यक्रम में विभागीय अधिकारी और बड़ी संख्या में काश्तकार मौजूद रहे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित