पुणे , नवंबर 16 -- पुणे के आवासीय इलाके बोपोडी में सरकारी जमीन को एक निजी व्यक्ति को हस्तांतरित करने का आदेश देने के कारण राजस्व विभाग द्वारा निलंबित तहसीलदार सूर्यकांत येवाले को अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने अंतरिम अग्रिम जमानत प्रदान की है। अदालत ने शनिवार को उनकी जमानत मंजूर की थी बशर्ते कि वह एक लाख रुपये का बांड भरें तथा अन्य नियम एवं शर्तों का पालन करें।

यह बात सामने आई थी कि येवाले ने नियमों का उल्लंघन करते हुए सरकारी जमीन के हस्तांतरण का आदेश जारी किया था। इसके बाद राजस्व एवं वन विभाग ने येवाले को निलंबित कर दिया।

उनके खिलाफ मामला दर्ज होने के बाद, येवले ने शनिवार को वरिष्ठ अधिवक्ताओं हर्षद निंबालकर और शिवम निंबालकर के माध्यम से अंतरिम अग्रिम जमानत के लिए आवेदन किया। उन्होंने तर्क दिया कि येवले निर्दोष हैं और उन्हें मामले में झूठा फंसाया गया है।

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