नयी दिल्ली , जनवरी 24 -- दिल्ली के समाज कल्याण एवं सहकारिता मंत्री रविन्द्र इंद्राज सिंह ने शनिवार को कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों के दौरान सहकारी क्षेत्र की जमकर उपेक्षा की गई लेकिन अब दिल्ली सरकार की स्पष्ट प्राथमिकता है कि मध्यम वर्ग, निम्न आय वर्ग और सहकारी आवास समितियों से जुड़े लोगों को किफायती ब्याज दरों पर आवास ऋण उपलब्ध कराया जाए।
श्री इंद्राज ने आज रोहिणी सेक्टर-16 में दिल्ली सहकारी आवास वित्त निगम लिमिटेड (डीसीएचएफसी ) के नए कार्यालय का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि इस नयी शाखा के प्रारंभ होने से उत्तर-पश्चिम दिल्ली सहित आसपास के क्षेत्रों के नागरिकों को सीधा लाभ मिलेगा। यह सीरी फोर्ट के बाद दिल्ली में डीसीएचएफसी का दूसरा कार्यालय है।
उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों के दौरान सहकारी क्षेत्र की जमकर उपेक्षा की गई। अब दिल्ली सरकार की स्पष्ट प्राथमिकता है कि मध्यम वर्ग, निम्न आय वर्ग और सहकारी आवास समितियों से जुड़े लोगों को किफायती ब्याज दरों पर आवास ऋण उपलब्ध कराया जाए। इसी उद्देश्य से पहली बार दिल्ली सहकारी आवास वित्त निगम की नई शाखाएँ शुरू की जा रही हैं। सहकारिता के माध्यम से आमजन के अपने घर के सपने को साकार करना दिल्ली सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
कैबिनेट मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि रोहिणी कार्यालय के सफल संचालन के साथ-साथ दिल्ली के अन्य उपयुक्त स्थानों पर भी डीसीएचएफसी की नयी शाखाएँ खोलने हेतु एक व्यावहारिक और चरणबद्ध योजना तैयार की जाए। साथ ही, अधिक से अधिक लोगों तक निगम की सेवाओं का लाभ पहुँचाने के लिए जनसंपर्क को मजबूत करने और प्रचार-प्रसार को और अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। उन्होंने यह भी कहा कि डीसीएचएफसी को तकनीकी रूप से और अधिक सशक्त बनाया जाएगा, ताकि ऋण स्वीकृति की प्रक्रिया सरल, समयबद्ध और पूर्णतः पारदर्शी हो सके।
उन्होंने डीसीएचएफसी की नयी शाखा खुलने पर बधाई देते हुए कहा कि यह एक ऐसा संस्थान है जो वर्षों से कार्य कर रहा था, लेकिन दुर्भाग्यवश इसकी जानकारी आम जनता तक पर्याप्त रूप से नहीं पहुँच पाई। सस्ते और पारदर्शी आवास ऋण की यह सुविधा दिल्ली के हर नागरिक तक पहुँचना चाहिए, क्योंकि हर व्यक्ति का सपना होता है कि उसका अपना घर हो।
उन्होंने कहा कि यह निगम मूल रूप से आवास ऋण के उद्देश्य से ही स्थापित किया गया था। वर्षों तक केवल एक ही शाखा संचालित होती रही, लेकिन आज रोहिणी में नई शाखा के खुलने के साथ उस सपने को नया विस्तार मिला है। यह बैंक आज लगभग 1600 करोड़ की क्षमता वाला एक मजबूत संस्थान बन चुका है और इसमें दिल्लीवासियों को व्यापक लाभ देने की पूरी संभावनाएँ हैं।
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि आने वाले समय में सरकार की नीतिगत सुधारों और सहकारिता मंत्रालय के सहयोग से दिल्ली के सभी क्षेत्रों डीसीएचएफसी की नई शाखाएँ खोली जाएँगी। हमारा लक्ष्य है कि यह निगम दिल्ली का सबसे सशक्त सहकारी वित्तीय संस्थान बने और सहकारिता के माध्यम से दिल्ली की अर्थव्यवस्था को और मजबूत किया जाए।
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