भोपाल , अप्रैल 27 -- मध्यप्रदेश विधानसभा के एक दिवसीय विशेष सत्र में 'नारी शक्ति वंदन' विधेयक पर चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायक दल ने महिला अधिकारों के मुद्दे पर सरकार को घेरा और विरोध स्वरूप सदन से वॉकआउट किया।
सत्र की शुरुआत में कांग्रेस द्वारा वर्तमान सीटों पर तत्काल प्रभाव से 33 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू करने संबंधी अशासकीय संकल्प को स्वीकार नहीं किया गया। इसके विरोध में कांग्रेस विधायकों ने सदन से बहिर्गमन किया।
चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सरकार की कथनी और करनी में अंतर बताते हुए कहा कि जब महिलाओं की आबादी लगभग आधी है, तो उन्हें 50 प्रतिशत आरक्षण देने पर विचार क्यों नहीं किया जा रहा है। उन्होंने महिला आरक्षण लागू करने की समयसीमा और परिसीमन की प्रक्रिया पर भी सरकार से स्पष्ट जवाब मांगा।
उन्होंने कहा कि सरकार भविष्य की समयसीमा की बात कर रही है, जबकि वर्तमान में महिलाओं के अधिकारों को लेकर मौन है। सिंघार ने सुझाव दिया कि महिलाओं की राय जानने के लिए ऑनलाइन सर्वे कराया जाना चाहिए।
उन्होंने उज्ज्वला योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि चुनावी वादे जमीनी स्तर पर पूरे नहीं हो रहे हैं और महिलाओं को गैस सिलेंडर जैसी मूलभूत सुविधाएं भी समय पर उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि वर्ष 2023 के विधेयक में जनगणना और परिसीमन के बाद आरक्षण लागू करने का प्रावधान था, जिसका कांग्रेस ने समर्थन किया था, लेकिन अब इसे टालने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार चाहे तो विशेष सत्र बुलाकर इसे तुरंत लागू कर सकती है।
सिंघार ने प्रदेश में महिलाओं की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि बड़ी संख्या में बच्चियां लापता हैं, महिला आयोग के पद रिक्त हैं और खिलाड़ियों को भी अपेक्षित सुविधाएं नहीं मिल रही हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार में 31 मंत्रियों में केवल पांच महिलाएं हैं, जो महिला सशक्तिकरण की वास्तविक स्थिति को दर्शाता है।
उन्होंने विभिन्न जन मुद्दों जैसे बच्चों की मौत, पानी की समस्या, बेरोजगारी, अतिथि शिक्षकों और कर्मचारियों के मामलों पर विशेष सत्र नहीं बुलाए जाने पर भी सरकार की आलोचना की। सिंघार ने कहा कि महिलाओं के अधिकारों को टालने का प्रयास किया जा रहा है और प्रदेश तथा देश की महिलाएं इसे देख रही हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को मजबूती से उठाती रहेगी।
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