देवरिया , अप्रैल 23 -- कांग्रेस के जिला मीडिया प्रभारी संजीव कुमार मिश्र ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर कहा कि यह महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की दिशा में एक सकारात्मक कदम है, लेकिन इसके लागू होने की शर्तें कई सवाल खड़े करती हैं। उन्होंने यूनीवार्ता से कहा कि विधेयक को तत्काल लागू न कर जनगणना और परिसीमन से जोड़ दिया गया है, जिससे महिलाओं को अधिकार के लिए अभी और इंतजार करना पड़ेगा। ऐसे में यह पहल सशक्तिकरण से अधिक राजनीतिक घोषणा प्रतीत होती है।

श्री मिश्र ने कांग्रेस के इतिहास का उल्लेख करते हुए कहा कि पार्टी ने बिना आरक्षण के भी महिलाओं को शीर्ष नेतृत्व में स्थान दिया है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि सशक्तिकरण राजनीतिक इच्छाशक्ति से आता है।

उन्होंने कहा कि देवरिया सहित पूर्वांचल में महिलाएं अब भी बुनियादी समस्याओं से जूझ रही हैं। ऐसे में इस विधेयक की सफलता उसके समयबद्ध और प्रभावी क्रियान्वयन पर निर्भर करेगी।

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