पटना , अप्रैल 28 -- विशेष कार्य बल (एसटीएफ) के डीआईजी संजय कुमार ने मंगलवार को बताया कि बिहार अब नक्सलवाद से पूरी तरह से मुक्त हो गया है और पिछले वर्ष से अब तक किसी तरह की कोई नक्सली वारदात प्रदेश में नहीं हुई है।

एसटीएफ के डीआईजी संजय कुमार ने आज संवाददाता सम्मेलन में बताया कि चार जिलों जमुई, लखीसराय, गया और औरंगाबाद में फिलहाल खासतौर से सतर्कता बरतते हुए चौकसी रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि इन चार जिलों को लीड एंड थ्रस्ट जिले के तौर पर चिन्हित करके रखा गया है, जिससे इन जिलों में फिर से नक्सली सक्रिय नहीं हो सकें। एक समय ये चार जिले नक्सलियों के विशेष रूप से गढ़ माने जाते थे।

डीआईजी ने बताया कि जमुई और लखीसराय समेत अन्य संवेदनशील माने जाने वाले जिलों में भी पिछले वर्ष जुलाई से अब तक किसी तरह की कोई छोटी या बड़ी नक्सली वारदात नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष जनवरी-फरवरी में तीन लाख रुपये का इनामी और दो लाख रुपये के इनामी नक्सली के आत्मसर्पण करने के बाद बिहार के सभी संवेदनशील जिलों से नक्सलियों का पूरी तरह से सफाया हो गया है। इस वर्ष जनवरी से 22 अप्रैल तक 18 मुख्य नक्सलियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें इनामी नक्सली भी शामिल हैं।

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