रायपुर , जनवरी 06 -- छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने राज्य में धान खरीदी की सुस्त रफ़्तार को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर ऐसी व्यवस्था कर रही है ताकि नियत समय में सभी किसान अपना धान न बेच पाएं।

श्री बैज ने कहा कि इस वर्ष 150 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने का लक्ष्य है, लेकिन प्रदेश के सभी 2739 खरीदी केंद्रों पर काम की गति बेहद धीमी है। उन्होंने कहा, "50 दिन बीत जाने के बाद भी किसान एग्री स्टेक पोर्टल की खामियों, टोकन न मिलने, रकबा कम दर्शाए जाने और खरीदी लिमिट न बढ़ाए जाने से परेशान हैं।"कांग्रेस नेता ने विशेष रूप से कांकेर जिले के ग्राम बारकोट के उन किसानों का उल्लेख किया, जिन्हें अपनी समस्या लेकर 150 किलोमीटर चलकर कलेक्टर से मिलना पड़ा, लेकिन कोई हल नहीं निकला। बैज ने आरोप लगाया, "यह भाजपा सरकार द्वारा जानबूझकर रचा गया षड्यंत्र है, ताकि किसान धान बेचने से वंचित रहें और सरकार अपनी जिम्मेदारी से बच सके।"उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि इस रफ़्तार से प्रदेश के 27 लाख से अधिक किसान तय तारीख तक अपना धान नहीं बेच पाएंगे, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान होगा और वे कर्ज के जाल में फंस सकते हैं।

श्री बैज ने सरकार से तत्काल कदम उठाने की मांग करते हुए कहा कि ऑफलाइन टोकन वितरण शुरू किया जाए, किसानों के पूरे रकबे की धान खरीदी की जाए, खरीदी लिमिट बढ़ाई जाए और कस्टम मिलिंग के लिए धान का तत्काल उठाव किया जाए ताकि सोसायटियों में जगह बने और खरीदी प्रक्रिया सुचारू हो सके।

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