देहरादून , मार्च 18 -- उत्तराखंड में देहरादून पुलिस ने नकबजनी की घटना का खुलासा करते हुए 15000 के एक इनामी सहित तीन शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस से बुधवार को मिली जानकारी के अनुसार वादी ऋषभ देव तिवारी ने कोतवाली कैण्ट पर एक लिखित शिकायत देते हुए बताया था कि वह किसी कार्य से शहर से बाहर गये थे, इस दौरान अज्ञात चोरों द्वारा उनके गजियावाला स्थित पैतृक मकान का ताला तोड़कर घर के अन्दर से ज्वैलरी तथा अन्य सामान चुरा लिया। शिकायत आधार पर कोतवाली कैंट ने अज्ञातों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया।
घटना का पर्दाफाश करने और चोरों की गिरफ्तारी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देशों पर कोतवाली कैण्ट पर पुलिस टीम का गठन किया गया।
गठित टीम द्वारा घटना स्थल तथा उसके आस-पास आने जाने वाले रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों से संदिग्धों के सम्बन्ध में जानकारी एकत्रित की गई। साथ ही पूर्व में नकबजनी की घटनाओ में सामने आये लोगों की वर्तमान स्थिती की जानकारी कर उनका भौतिक सत्यापन किया गया।
पुलिस टीम के लगातार प्रयासों , जांच के दौरान एमएच जाने वाली रोड पर पोस्ट ऑफिस तिराहे के पास स्कूटी एक स्कूटी को रोका गया, जो पुलिस को देख भागने का प्रयास कर रहे थे। उन्हें संदिग्धता के आधार पर मौके से हिरासत में लिया गया। पूछताछ में उन्होंने अपना नाम संजय साहनी, सैंटी साहनी और लक्ष्मण साहनी बताया।
तीनों व्यक्तियों की तलाशी पा उनके पास से भारी मात्रा में ज्वैलरी तथा अन्य सामान बरामद हुआ।
पूछताछ में उन्होंने बताया कि वह बंद घरों की रैकी कर चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया करते थे।
बरामद ज्वैलरी को भी उनके द्वारा कैण्ट क्षेत्र में अलग-अलग घटनाओं में चोरी किया था।
कुछ दिन पूर्व भी उनके द्वारा गजियावाला क्षेत्र में एक बंद मकान का ताला तोडकर मकान से सोने चाँदी के जेवरात, नकदी व अन्य सामान चोरी किया था।
पुलिस के मुताबिक पकड़े गए आरोपी पूर्व में भी चोरी व अन्य आपराधिक घटनाओ में जेल जा चुके हैं। इनमे सैंटी साहनी पूर्व मे भी कई आपराधिक घटनाओ में जेल जा चुका है, जो कैण्ट क्षेत्र में हुई चोरी की घटना के बाद फरार चल रहा था ,उसपर एसएसपी देहरादून ने 15 हजार रुपये का ईनाम भी घोषित किया था।
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