गांधीनगर , जनवरी 31 -- देश में नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में गुजरात का योगदान सर्वाधिक है।
सूत्रों ने शनिवार को बताया कि दिसंबर-2025 तक के आँकड़े दर्शाते हैं कि राज्य की कुल नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता 42.583 गीगावाट तक पहुँची है, जो भारत की कुल क्षमता में 16.50 प्रतिशत का योगदान दर्शाती है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 2070 तक नेट जीरो उत्सर्जन प्राप्त करने का राष्ट्रीय लक्ष्य निर्धारित किया है और परंपरागत ईंधन पर निर्भरता में कमी लाने के लिए महत्वपूर्ण पहलें की हैं। इस व्यापक आयोजन का उद्देश्य वर्ष 2030 तक भारत की 50 प्रतिशत बिजली नवीकरणीय ऊर्जा से प्राप्त करना है।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में गुजरात ने नवीकरणीय ऊर्जा में नए मानदंड स्थापित किए हैं, जो इस राष्ट्रीय लक्ष्य में उल्लेखनीय योगदान देते हैं। दिसंबर-2025 तक के आँकड़े दर्शाते हैं कि देश में नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में गुजरात का योगदान सर्वाधिक है। राज्य की कुल नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता 42.583 गीगावाट तक पहुँची है, जो भारत की कुल क्षमता में 16.50 प्रतिशत का योगदान दर्शाती है।
इसके अतिरिक्त गुजरात कुल स्थापित नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता 42.583 गीगावाट में पहले स्थान पर है तथा स्थापित पवन ऊर्जा क्षमता 14,820.94 मेगावाट में भी पहले स्थान पर है और सौर ऊर्जा क्षमता 25,529.40 मेगावाट में दूसरे स्थान पर है। सोलर रूफटॉप इन्स्टॉलेशन में गुजरात देश में प्रथम स्थान पर है, जिसमें 11 लाख सोलर रूफटॉप सिस्टम के माध्यम से 6,412.80 मेगावाट ऊर्जा उत्पादन हो रहा है।
दिसंबर-2025 तक 25,529.40 मेगावाट स्थापित क्षमता के साथ सौर ऊर्जा क्षेत्र में गुजरात अग्रसर रहा है। इसमें ग्राउंड माउंटेड प्रोजेक्ट्स से 17,771.21 मेगावाट, सोलर रूफटॉप सिस्टम्स से 6,412.80 मेगावाट (जिसमें सूर्य गुजरात द्वारा 2,073.65 मेगावाट, पीएम सूर्य घर योजना द्वारा 1,913 मेगावाट तथा अन्य 2,267.04 मेगावाट), हाइब्रिड परियोजनाओं से 1,172.38 मेगावाट तथा ऑफ- ग्रिड सिस्टम्स (पीएम कुसुम सहित) से 173.01 मेगावाट बिजली उत्पादन हो रहा है।
गुजरात में सौर ऊर्जा उत्पादन के लिए चारणका (749 मेगावाट), राधानेसडा (700 मेगावाट) और धोलेरा (300 मेगावाट) में सोलर पार्क कार्यरत हैं। 37.35 गीगावाट की उत्पादन क्षमता के साथ कच्छ के खावडा में विश्व का सबसे बड़ा रिन्यूएबल एनर्जी पार्क विकसित हो रहा है, जिसमें हाल में 11.33 गीगावाट उत्पादन प्राप्त करने में सफलता मिली है। राज्य ने 11 लाख से अधिक रूफटॉप सोलर सिस्टम स्थापित करने की उपलब्धि भी हासिल की है, जो आवासीय, वाणिज्यिक एवं औद्योगिक क्षेत्रों में 6,412.80 मेगावाट बिजली का उत्पादन करते हैं।
गुजरात ने वर्ष 2016 से घरों में छत पर सौर ऊर्जा पैनल स्थापित करने के लिए प्रोत्साहन दिया है और पीएम सूर्य घर योजना के लॉन्च होने तक उसे समर्थन मिला है। इसके कारण भारत के कुल रूफटॉप सोलर इन्स्टॉलेशन में राज्य का योगदान 25 प्रतिशत से अधिक हुआ है। कृषि क्षेत्र में पीएम कुसुम के घटक बी के अंतर्गत 12,700 स्टैंडअलोन ऑफ-ग्रिड सोलर वॉटर पंप स्थापित किए गए हैं, जिनके द्वारा 89.54 मेगावाट ऊर्जा उत्पादन हो रहा है। 14,820.94 मेगावाट उत्पादन के साथ पवन ऊर्जा में गुजरात अग्रसर है।
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