भरतपुर , जनवरी 04 -- राजस्थान में नवसृजित डीग जिले से 10 ग्राम पंचायत को अलग करके भरतपुर जिले में मिलाने की मांग को लेकर रविवार को कुम्हेर के सांतरुक गांव में आयोजित एक पंचायत में मांग नहीं माने जाने की स्थिति में आगामी पंचायत चुनाव के बहिष्कार का एलान किया गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्रामीणों ने कहा है कि जब से डीग जिला बना है, उन्हें काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। किसी काम के लिए भरतपुर आने में उन्हें सिर्फ 15 किलोमीटर का सफर तय करना पड़ता था, लेकिन डीग जाने के लिए उन्हें करीब 80 किलोमीटर का सफर तय करना पड़ता है। पंचायत में बड़ी संख्या में सांतरुक, रारह, अजान गुंसारा, उभार, अवार, सोगर, अभोर्रा, ताखा, तालपुरा ग्रामपंचायत के ग्रामीण मौजूद रहे।
ग्रामीणों ने कहा कि डीग जिले में शामिल किए जाने के बाद इन ग्राम पंचायतों के बाशिंदों को समय की बर्बादी के साथ आर्थिक नुकसान भी झेलना पड़ रहा है क्योंकि 70 से 80 किलोमीटर के इस सफर में दो टोल भी रास्ते में आते हैं जहां उन्हें हर बार टोल देकर अनावश्यक व्यय करना पड़ता है।
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