बैंकॉक , दिसंबर 10 -- थाईलैंड और कंबोडिया के बीच ताज़ा सीमा झड़पों के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मध्यस्थता से हुआ शांति समझौता टूटता नजर आ रहा है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने थाईलैंड और कंबोडिया के बीच संघर्ष के फिर से भड़कने की बात स्वीकार करते हुए कहा है कि वह इस संकट को रोकने के लिए हस्तक्षेप करेंगे। उन्होंने मंगलवार को पेंसिल्वेनिया में एक रैली में कहा, "यह आज शुरू हुआ। मैं एक टेलीफोन पर बातचीत कर एक युद्ध को रोक दूँगा।"इस ताजा झड़प ने दोनों पड़ोसियों के बीच लंबे समय से चले आ रहे क्षेत्रीय विवाद को फिर से तेज कर दिया है और शांति के सारे प्रयास विफल होते नजर आ रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि दोनों देशों ने अक्टूबर में अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के प्रयासों से मलेशिया में शांति समझौते पर हस्ताक्षर किये थें। राष्ट्रपति ने उस समय चेतावनी दी थी कि यदि दोनों में से कोई भी देश इस समझौते का समर्थन या कार्यान्वयन करने से इनकार करता है, तो अमेरिका भविष्य के व्यापार सौदों को रोक देगा।
केबल न्यूज़ नेटवर्क (सीएनएन) की रिपोर्ट के अनुसार, ताज़ा संघर्ष के बीच दोनों देशों के सीमा के नजदीक रहने वाले लगभग 400,000 लोगों को वहाँ से सुरक्षित निकाला गया है। थाईलैंड के विदेश मंत्री सिहासक फुंगकेतकेओ ने संकेत दिया है कि स्थिति और बिगड़ सकती है।
थाईलैंड की वायु सेना ने कहा है कि कंबोडिया भारी हथियार जुटा रहा है और सैनिकों को फिर से तैनात कर रहा है। कंबोडिया के राष्ट्रीय रक्षा मंत्रालय ने हालांकि इन आरोपों का खंडन करते हुए कहा कि थाई सेनाएं कई दिनों से कई भड़काऊ कार्रवाइयों में लगी हुई थीं।
थाईलैंड की नौसेना ने कंबोडियाई सैनिकों पर नागरिक क्षेत्रों में बीएम-21 रॉकेट सहित भारी हथियार चलाने का आरोप लगाया। साथ ही, आरोप लगाया कि कंबोडिया ने सीमा पर 'विशेष इकाइयों' और स्नाइपरों को तैनात किया है।
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