चेन्नई , मार्च 07 -- द्रविड मुनेत्र कषगम(द्रमुक) अध्यक्ष एवं तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन ने शनिवार को कहा कि तिरुचिरापल्ली में होने वाला द्रमुक का विशाल राजनीतिक सम्मेलन इतिहास रचेगा और 2026 के विधानसभा चुनाव में पार्टी की जीत का मार्ग प्रशस्त करेगा।

पार्टी कैडर को लिखे अपने संदेश में श्री स्टालिन ने कहा-"लेट त्रिची रोअर, लेट द्रमुक विन"। उन्होंने कहा कि तिरुचिरापल्ली (त्रिची) के पास सिरुगनुर में होने वाला यह सम्मेलन आने वाले विधानसभा चुनावों से पहले पार्टी की ताकत का प्रदर्शन करेगा। उन्होंने मशहूर कहावत "ऑल रोड्स लीड टू रोम" का जिक्र करते हुए कहा कि इस समय तमिलनाडु की सभी सड़कें "मलैक्कोट्टई सिटी" यानी त्रिची की ओर जा रही हैं तथा सम्मेलन में काले-लाल झंडों की भीड़ मानव सागर जैसी दिखेगी और पार्टी की एकजुटता का संदेश देगी।

मुख्यमंत्री ने याद दिलाया कि करीब 70 साल पहले त्रिची में हुए द्रमुक के दूसरे राजनीतिक सम्मेलन में पार्टी संस्थापक सी. एन. अन्नादुरई ने ऐतिहासिक आह्वान किया था। उसके बाद 1957 में द्रमुक ने पहली बार चुनाव लड़ा और तमिलनाडु विधानसभा में 15 विधायक तथा संसद में दो सांसद भेजे, जो पार्टी के इतिहास में बड़ा मोड़ साबित हुआ।

श्री स्टालिन ने पूर्व मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि को भी याद करते हुए कहा कि 1970 के त्रिची सम्मेलन में उन्होंने सामाजिक न्याय, हिंदी थोपने का विरोध और संघीय ढांचे में राज्यों की स्वायत्तता जैसे पांच प्रमुख नारे दिए थे।

उन्होंने 2021 में सिरुगनूर में हुए सम्मेलन का भी जिक्र किया, जहां उन्होंने "कलैग्नार मगलीर उरिमै थोगई" योजना की घोषणा की थी। इस योजना के तहत महिला परिवार प्रमुखों को हर महीने 1,000 रुपये दिए जाते हैं और वर्तमान में राज्य की 1.31 करोड़ से अधिक महिलाएं इसका लाभ उठा रही हैं।

श्री स्टालिन ने कहा कि द्रमुक सरकार के चार वर्षों में "द्रविड़ मॉडल" प्रशासन के तहत राज्य ने 11.19 प्रतिशत की दो अंकों की आर्थिक वृद्धि दर्ज की है और शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि तथा बुनियादी ढांचे में उल्लेखनीय विकास हुआ है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से चुनाव की तैयारी तेज करने का आह्वान करते हुए कहा कि तमिलनाडु में द्रमुक सरकार को लगातार दूसरा कार्यकाल मिलना चाहिए।

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