हैदराबाद , जनवरी 08 -- तेलंगाना मानवाधिकार आयोग (टीजीएचआरसी) ने वनपर्थी जिले के एक सरकारी अस्पताल में ट्यूबेक्टॉमी सर्जरी के बाद हुई एक महिला की मौत के मामले में राज्य सरकार को चिकित्सा लापरवाही के लिए जिम्मेदार ठहराया है।
आयोग की ओर से गुरुवार को यहां जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार न्यायाधीश शमीम अख्तर की अध्यक्षता वाले आयोग ने पाया कि श्रीमती एम. ललिता की मौत सर्जरी के दौरान इलियल परफोरेशन से होने वाली जटिलताओं और देरी से पता चलने के कारण हुई, जिसके कारण सेप्टिक पेरिटोनिटिस और कार्डियो-पल्मोनरी अटैक हुआ। आयोग ने इस दावे को खारिज कर दिया कि मौत सिर्फ शारीरिक जटिलताओं के कारण हुई थी। आयोग ने परिवार को पहले दिया गया दो लाख रुपये का मुआवजा पूरी तरह से अपर्याप्त बताया और कहा कि मृतक के परिवार में एक विकलांग पति और दो नाबालिग बच्चे हैं।
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