कोलकाता , अप्रैल 16 -- अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने गुरुवार को चुनाव आयोग से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं सुवेंदु अधिकारी और स्मृति ईरानी के खिलाफ आदर्श आचार संहिता (एमसीसी) के उल्लंघन को लेकर औपचारिक शिकायत दर्ज कराई।
टीएमसी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज अग्रवाल को लिखे अपने पत्र में श्री सुवेंदु अधिकारी और श्रीमती स्मृति ईरानी द्वारा 'मातृशक्ति भरोसा कार्ड' के तहत राज्य की महिलाओं को हर महीने 3,000 रुपये देने का वादा करने वाली घोषणा और फॉर्म के वितरण को आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन बताया।
पत्र में कहा गया है, "हम आपका ध्यान इस ओर दिलाना चाहते हैं कि 15 अप्रैल 2026 को श्री सुवेंदु अधिकारी, श्रीमती स्मृति ईरानी और भाजपा के अन्य नेताओं, सदस्यों और कार्यकर्ताओं ने एक नई योजना 'मातृशक्ति भरोसा कार्ड' की घोषणा की है। इस योजना के तहत वे कार्डधारकों के खातों में सीधे तौर पर हर महीने 3,000 रुपये देने का वादा कर रहे हैं। वे विभिन्न स्थानों पर इस नयी शुरू की गयी योजना के फॉर्म वितरित कर रहे हैं।"सत्ताधारी पार्टी ने आरोप लगाया कि यह कदम कोई सामान्य कल्याणकारी पहल नहीं बल्कि एक सोची-समझी चुनावी रणनीति है।
शिकायत में कहा गया है, "इस तरह के वितरण की प्रकृति, समय और तरीका स्पष्ट रूप से इंगित करता है कि यह कोई अलग-थलग या परोपकारी कार्य नहीं है बल्कि चुनावी अवधि के करीब की गई एक सोची-समझी और समन्वित गतिविधि है, जिसका स्पष्ट उद्देश्य मतदाताओं को किसी विशेष राजनीतिक दल के पक्ष में प्रभावित करना है।"टीएमसी ने कहा कि भाजपा नेताओं के ये कार्य 'स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने में गंभीर रूप से बाधक हैं' और उन पर चुनावी मैदान में सभी के लिए समान अवसर को बिगाड़ने का प्रयास करने का आरोप लगाया।
पार्टी ने योजना से जुड़ी सामग्री को हटाने, इसमें शामिल लोगों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करने और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए चुनाव प्रचार गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखने की मांग की है।
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