जालौन , जनवरी 14 -- उत्तर प्रदेश के जनपद जालौन के उरई कोतवाली क्षेत्र में हिंदू वृद्ध का कथित रूप से जबरन धर्म परिवर्तन कराने का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार के आदेश पर उरई कोतवाली पुलिस ने मुस्लिम महिला रेशमा पत्नी अहसान अली के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4), 351(3) तथा उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम, 2021 की धारा 3 और 5(1) के अंतर्गत मामला दर्ज किया है। मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस आरोपी महिला की तलाश में जुट गई है।
पीड़ित गोपी अहिरवार पुत्र स्वर्गीय गोकुल अहिरवार मूल निवासी मिनौरा, कालपी और वर्तमान निवासी बघौरा बाईपास, उरई ने पुलिस अधीक्षक को दिए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया कि रेशमा ने धोखाधड़ी, दबंगई और धमकी देकर उसका धर्म परिवर्तन कराया। गोपी ने बताया कि पत्नी की मृत्यु के बाद उसकी पैतृक दो बीघा जमीन लगभग 10 लाख रुपये में बिकी थी, जिसमें से उसे पांच लाख रुपये मिले। आरोप है कि यह धनराशि रेशमा ने हड़प ली और बाद में फरीदाबाद (हरियाणा) ले जाकर जबरन उसका खतना कराकर धर्म परिवर्तन करा दिया। पीड़ित का कहना है कि धमकियों के कारण वह वर्षों तक भय में मुस्लिम बनकर रहने को मजबूर रहा।
मंगलवार को गोपी अहिरवार उर्फ दीन मोहम्मद की पीडब्ल्यूडी स्थित हनुमान मंदिर में हिंदू संगठनों के सहयोग से घर वापसी कराई गई। गंगाजल से शुद्धिकरण के बाद दाढ़ी बनवाई गई। गोपी ने कहा कि सरकारी अभिलेखों में आज भी उसका नाम गोपी अहिरवार दर्ज है और वह हिंदू धर्म में ही रहना चाहता है। उसने अपनी जान को खतरा बताते हुए सुरक्षा और आरोपी की गिरफ्तारी की मांग की है।
विहिप के प्रांतीय सेवा प्रमुख बलवीर सिंह जादौन ने कहा कि जबरन धर्म परिवर्तन कराने वालों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच साक्ष्यों के आधार पर की जा रही है और आगे विधिक कार्रवाई की जाएगी।
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