जालौन , फरवरी 12 -- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में उपखनिजों के अवैध खनन एवं परिवहन के खिलाफ सख्त अभियान चलाते हुए 433 वाहनों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है। इस दौरान 493 ऑनलाइन चालान जारी कर 2,54,53,960 रुपये की वसूली निर्धारित की गई, जो वर्तमान में लंबित है।

गुरुवार को जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय एवं पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार ने विभागीय अधिकारियों के साथ अवैध खनन की जनपदवार प्रगति की समीक्षा की। विभागीय 'एम-चेक' ऐप के माध्यम से एक अप्रैल 2025 से 29 जनवरी 2026 तक विशेष अभियान चलाया गया।

समीक्षा में पाया गया कि झांसी के 91 वाहनों पर 47.98 लाख रुपये, जालौन के 72 वाहनों पर 38.73 लाख रुपये, कानपुर देहात के 33 वाहनों पर 20.31 लाख रुपये तथा इटावा के 29 वाहनों पर 19.09 लाख रुपये बकाया हैं। इसके अलावा धौलपुर (राजस्थान) के 26 वाहनों पर 17.61 लाख रुपये, औरैया के 22 वाहनों पर 13.98 लाख रुपये तथा कानपुर नगर और मैनपुरी के वाहनों पर भी उल्लेखनीय धनराशि लंबित है। अन्य राज्यों बिहार, हरियाणा, मध्य प्रदेश, नागालैंड और पंजाब के वाहनों के विरुद्ध भी कार्रवाई की गई है।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि बकाया राशि जमा न करने वाले वाहन स्वामियों के खिलाफ संबंधित जनपदों के परिवहन अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर वाहनों को ब्लैकलिस्ट करते हुए परमिट निरस्तीकरण की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश उपखनिज (परिहार) नियमावली, 2021 के उल्लंघन पर कठोर कार्रवाई जारी रहेगी और राजस्व हानि किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगी।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) संजय कुमार, जिला खनिज अधिकारी, एआरटीओ सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

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