जालौन , जनवरी 3 -- भीषण शीतलहर और कड़ाके की ठंड में आमजन की सुरक्षा एवं राहत व्यवस्था का जायजा लेने के लिए जालौन के जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडेय शुक्रवार रात सड़क पर उतरे। उनके साथ पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार सहित जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

अधिकारियों ने उरई शहर के रैन बसेरों, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और अन्य प्रमुख सार्वजनिक स्थलों का औचक निरीक्षण कर ठंड से बचाव के इंतजामों की वास्तविक स्थिति परखी। निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी संजय कुमार, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नेहा बायडबाल तथा सिटी मजिस्ट्रेट राजेश कुमार वर्मा भी जिलाधिकारी के साथ मौजूद रहे। डीएम ने रैन बसेरों में उपलब्ध सुविधाओं की गहन समीक्षा करते हुए साफ-सफाई, गर्म पानी, बिस्तर, कंबल, प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा इंतजामों को और सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शीतलहर के इस दौर में किसी भी गरीब, असहाय, निराश्रित अथवा यात्री को खुले आसमान के नीचे रात बिताने के लिए मजबूर नहीं किया जाएगा।

रेलवे स्टेशन के निरीक्षण के दौरान प्लेटफॉर्म पर ठंड से ठिठुरते यात्रियों और निराश्रितों को जिलाधिकारी ने स्वयं कंबल वितरित किए। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे लोगों को चिन्हित कर नजदीकी रैन बसेरों में पहुंचाया जाए, जिससे उन्हें सुरक्षित और गर्म वातावरण मिल सके। जिलाधिकारी ने कहा कि मानवता के नाते प्रशासन का दायित्व है कि हर जरूरतमंद तक मदद पहुंचे।

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