राजकोट , दिसंबर 31 -- गुजरात में राजकोट जिले के जांबुडिया-पानेली में रणनीतिक औद्योगिक विकास के तहत गुजरात औद्योगिक विकास निगम (जीआईडीसी) द्वारा मोरबी-राजकोट औद्योगिक पट्टे में एक महत्वपूर्ण एकीकृत सिरामिक पार्क विकसित किया जा रहा है।

सूत्रों ने बुधवार को बताया कि 1050 एकड़ क्षेत्र में फैला यह पार्क विश्वविख्यात मोरबी सिरामिक क्लस्टर के निकट होने के कारण मजबूत एवं स्थापित औद्योगिक इकोसिस्टम का पूरा लाभ उठाता है। इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट की संरचना सिरामिक उद्योग की समग्र मूल्य श्रृंखला में उपस्थिति को विस्तृत करने के लिए की गई है। पार्क में मुख्यतः टाइल्स तथा सेनेटरी वेयर उत्पादन पर बल दिया जाएगा तथा औद्योगिक एवं एडवांस्ड सिरामिक्स जैसे उच्च मूल्य वाले और विशिष्ट चीजों में नए निवेश को प्रोत्साहन दिया जाएगा। यह पहल गुजरात को वैश्विक सिरामिक उत्पाद मानचित्र पर और मजबूत स्थान दिलाएगी।

जांबुडिया-पानेली सिरामिक पार्क को उत्तम लॉजिस्टिक्स तथा कनेक्टिविटी का लाभ मिलता है। यह क्षेत्र राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) संख्या 27 से मात्र 1.5 किलोमीटर दूर स्थित है, जबकि मोरबी का निकटस्थ रेलवे स्टेशन 12 किलोमीटर की दूरी पर है। इसके अलावा राजकोट में स्थित हीरासर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा लगभग 70 किलोमीटर तथा मकनसर स्थित इनलैंड कंटेनर डिपो केवल पांच किलोमीटर दूर है। नवलखी (48 किलोमीटर), कंडला (139 किलोमीटर) और मुंद्रा (195 किलोमीटर) जैसे मुख्य बंदरगाहों की निकटता वैश्विक निर्यात के लिए महत्वपूर्ण लाभ प्रदान करती है।

इस पार्क की विशेषता यह है कि यहाँ उद्योगों की निश्चित आवश्यकताओं के अनुरूप बेस्पोक इन्फ्रास्ट्रक्चर (विशिष्ट बुनियादी ढांचा) तथा विशिष्ट सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाएंगी। कॉमन डिसप्ले सेंटर में एनएबीएल-प्रमाणित प्रयोगशाला से युक्त सेंटर ऑफ उत्कृष्टता तथा नवाचारा को प्रोत्साह देने एवं कार्यबल की कुशलता बढ़ाने के लिए कौशल विकास केन्द्र स्थापित किया जाएगा।

उद्योगों की बढ़ती मांग को ध्यान में रखकर 30 एमएलडी क्षमता वाली समर्पित जलापूर्ति व्यवस्था विकसित की जाएगी। विश्वसनीय विद्युत आपूर्ति के लिए एस्टेट में तीन सबस्टेशन हेतु भूमि आवंटित कर दी गई है। जिनमें दो 66 केवी और एक 220 केवी क्षमता वाले सबस्टेशन होंगे। इसके अतिरिक्त पर्यावरणीय रूप से दायित्वपूर्ण कामकाज सुनिश्चित करने हेतु ठोस कूड़ा प्रबंधन व्यवस्था एवं सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) के लिए भी सुविधा उपलब्ध रहेगी।

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