खैरागढ़ , फरवरी 09 -- छत्तीसगढ़ के खैरागढ़ जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट परिसर में सोमवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब जनदर्शन के दौरान एक युवक ने आत्मदाह का प्रयास किया। युवक ने भरे परिसर में अपने ऊपर मिट्टी तेल डालकर आग लगाने की कोशिश की, हालांकि मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों की सतर्कता से एक बड़ा हादसा टल गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, गंडई क्षेत्र के ग्राम कटंगी निवासी शीतलाल निर्मलकर अपनी समस्या को लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचा था। बताया जा रहा है कि वह लंबे समय से अपनी शिकायतों को लेकर परेशान था। जनदर्शन के दौरान अचानक उसने अपने साथ लाया मिट्टी तेल अपने शरीर पर उड़ेल लिया और माचिस जलाने का प्रयास करने लगा।

इससे पहले कि युवक आग लगा पाता, वहां मौजूद पुलिसकर्मियों और कर्मचारियों की नजर उस पर पड़ गई। तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्होंने युवक को पकड़ लिया और उसके हाथ से ज्वलनशील पदार्थ तथा माचिस छीन ली। इसके बाद युवक के शरीर से मिट्टी तेल साफ करवाया गया और स्थिति को नियंत्रित किया गया।

दिनदहाड़े हुई इस घटना से कलेक्ट्रेट परिसर में मौजूद अन्य फरियादियों और अधिकारियों में हड़कंप मच गया। कुछ समय के लिए परिसर में तनावपूर्ण माहौल बना रहा।

इस संबंध में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीतीश गौतम ने बताया कि "शीतलाल निर्मलकर को गांव में समाज के कुछ लोगों द्वारा बहिष्कृत किए जाने की बात सामने आई है, जिससे वह मानसिक रूप से आहत था। घटना के बाद गांव के लोगों को बुलाकर समझाइश दी गई है। साथ ही प्रशासन द्वारा युवक की समस्या को गंभीरता से सुनने और उचित समाधान का आश्वासन दिया गया है।"प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि यदि मौके पर पुलिसकर्मी सतर्कता नहीं दिखाते, तो कलेक्ट्रेट परिसर में एक बड़ा और दुखद हादसा हो सकता था।

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