दंतेवाड़ा , जनवरी 07 -- छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व वाली सरकार के 'सुशासन से समृद्धि' के सफर का सकारात्मक प्रभाव अब जिले के किसानों की आर्थिक तस्वीर बदल रहा है। खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के तहत दंतेवाड़ा जिले में धान की खरीदी पूरी पारदर्शिता और सुव्यवस्थित तरीके से चल रही है, जिससे किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य समय पर मिलने का भरोसा मिला है।

अधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, जिले में अब तक 84,618.80 क्विंटल धान की खरीदी की जा चुकी है। सभी खरीदी केंद्रों पर शासन के निर्देशानुसार प्रति एकड़ अधिकतम 21 क्विंटल की खरीदी को प्राथमिकता दी जा रही है। खरीदी के साथ-साथ धान का उठाव भी निरंतर जारी है, अब तक 29,950 क्विंटल धान का सफलतापूर्वक उठाव कार्य पूरा किया जा चुका है। इससे खरीदी केंद्रों पर पर्याप्त जगह बनी हुई है और खरीदी प्रक्रिया बिना किसी रुकावट जारी है।

किसानों को उनके बैंक खातों में भुगतान की सुचारू प्रक्रिया ने विश्वास कायम किया है। केंद्रों पर बारदाना, स्वच्छ पेयजल, शौचालय, सीसीटीवी और हमाल जैसी बुनियादी सुविधाओं के बेहतर प्रबंधन से किसानों की सहभागिता बढ़ी है। बालूद खरीदी केंद्र पर 12 गांवों के 1200 पंजीकृत किसानों में से 379 ने अब तक 12,810 क्विंटल धान बेचा है।

चितालंका के किसान मनकू राम ने कहा, "साय सरकार की नीतियों से पहली बार लगा कि हमारी मेहनत सुरक्षित हाथों में है। पारदर्शिता और जवाबदेही ने विश्वास बढ़ाया है।" आवरा भाटा के किसान शंकर सिंह ठाकुर ने टोकन ऐप की सराहना करते हुए कहा कि इससे प्रक्रिया सरल हुई है। बालूद केंद्र इस बात का जीवंत उदाहरण है कि सुशासन का सीधा लाभ अंतिम छोर के किसान तक पहुंच रहा है। आगामी दिनों में खरीदी व भुगतान के आंकड़ों में वृद्धि से जिले की कृषि अर्थव्यवस्था को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।

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