रायपुर , नवंबर 08 -- छत्तीसगढ के रायपुर में धान खरीदी से ठीक पहले सहकारी समितियों और जिला सहकारी बैंकों के कर्मचारियों की संभावित हड़ताल को लेकर प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने गहरी चिंता जताई है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने शनिवार को कहा है कि राज्य सरकार को तुरंत पहल कर कर्मचारियों से बातचीत करनी चाहिए, ताकि धान खरीदी प्रभावित न हो।
श्री बैज ने कहा, "धान खरीदी की तिथि 15 नवंबर में सिर्फ एक हफ्ता ही बचा है। कुछ जिलों में लेंपस कर्मचारी पहले ही हड़ताल पर चले गए हैं। यदि कर्मचारियों की हड़ताल जारी रहती है, तो धान खरीदी प्रक्रिया ठप पड़ सकती है और किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ेगा।"उन्होंने कहा कि इस बार सरकार ने धान खरीद की तारीख पहले ही 15 दिन विलंब से घोषित की, ऐसे में अब अगर कर्मचारी आंदोलन करते हैं, तो किसानों की उपज लंबे समय तक गोदामों तक नहीं पहुंच पाएगी।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने प्रदेश के हर वर्ग को ठगा है। पिछले साल भी यही कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन पर बैठे थे। तब सरकार ने लिखित आश्वासन देकर हड़ताल समाप्त कराई थी लेकिन उसके बाद कोई आदेश ज़मीन पर लागू नहीं किया गया।
श्री बैज ने कहा कि कर्मचारी आज भी अपने मूलभूत अधिकारों - वेतनमान विसंगति, इंक्रीमेंट, पेंशन, भविष्य निधि, सुखत (शॉर्टेज) क्षतिपूर्ति, प्रबंधकीय अनुदान और नियमितीकरण जैसी वैध मांगों के लिए आंदोलनरत हैं। उन्होंने कहा कि बिलासपुर उच्च न्यायालय ने जिला सहकारी केंद्रीय बैंक कर्मचारियों की वार्षिक वेतन वृद्धि स्वीकृत करने का आदेश दिया है लेकिन सरकार ने उसे अब तक लागू नहीं किया।
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