बीजापुर , नवंबर 10 -- छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि बस्तर को शांति, सुरक्षा और विकास के मार्ग पर ले जाना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने माओवादियों से हथियार छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटने की अपील की। गृहमंत्री शर्मा आज अपने दो दिवसीय प्रवास के दौरान बीजापुर जिला कार्यालय के इन्द्रावती सभागार में आयोजित संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर बीजापुर और सुकमा जिले के जनप्रतिनिधि, पंचायत प्रतिनिधि, सरपंच, समाज प्रमुख, मांझी, चालकी, गायता, पुजारी और पटेल बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर में वर्षों से विकास कार्य नक्सली हिंसा की वजह से प्रभावित हुए हैं। अब समय आ गया है कि हम सब मिलकर बस्तर को हिंसा मुक्त और खुशहाल बनाएं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार बस्तर को अमन, चैन और प्रगति की दिशा में ले जाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
विजय शर्मा ने बताया कि माननीय प्रधानमंत्री और केन्द्रीय गृहमंत्री ने सशस्त्र नक्सलवाद को समाप्त करने के लिए एक समयसीमा निर्धारित की है। इस दिशा में शासन की 'पुनर्वास नीति 2025' लागू की गई है, जिसके तहत बड़ी संख्या में माओवादी संगठन छोड़कर मुख्यधारा में लौट रहे हैं। उन्होंने बताया कि जगदलपुर में अब तक 210 माओवादी आत्मसमर्पण कर पुनर्वास केंद्र में शामिल हो चुके हैं, जिनमें से 92 बीजापुर जिले के युवा हैं, जो वर्तमान में कौशल प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।
गृहमंत्री ने जनप्रतिनिधियों और ग्राम प्रमुखों से कहा कि वे अपने क्षेत्र के भटके हुए युवाओं को समझाएं और उन्हें समाज में वापस लाने के लिए प्रयास करें। उन्होंने चेतावनी दी कि "यदि समय रहते वे लौटे नहीं, तो सुरक्षा बल अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे, लेकिन जो लौट आएंगे उनका स्वागत लाल कालीन बिछाकर किया जाएगा।"गृहमंत्री शर्मा ने बताया कि उन्होंने हाल ही में पूर्वर्ती गांव पहुंचकर कुख्यात नक्सली लीडर हिड़मा की वृद्ध माता से मुलाकात की, और उनसे अपने पुत्र को हिंसा का मार्ग छोड़कर समाज में लौटने के लिए प्रेरित करने का अनुरोध किया।
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती जानकी कोरसा, बस्तर कमिश्नर श्री डोमन सिंह, आईजी सुंदरराज पी., कलेक्टर संबित मिश्रा, डीएफओ रंगानाथन रामाकृष्णन वाय., सीईओ जिला पंचायत श्रीमती नम्रता चौबे, उपनिदेशक इन्द्रावती टाइगर रिजर्व संदीप बलगा सहित जनपद अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सदस्य, सरपंच, समाज प्रमुख एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
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