चंबा , नवंबर 13 -- हिमाचल प्रदेश के चंबा शहर में बुधवार शाम दो समुदायों के युवकों के बीच झड़प होने से अफरा-तफरी मच गई और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर गंभीर चिंता उत्पन्न हो गयी।

यह घटना मोटरसाइकिल सवारों के हमले के साथ शुरू हुई लेकिन जल्द ही स्थानीय लोगों और पुलिस के बीच रात भर चले टकराव में बदल गई। इससे पूरे शहर में तनाव फैल गया।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक सुराडा इलाके में यह घटना बुधवार शाम करीब 5:30 बजे घटी, जहां 20 से 25 युवक कथित रूप से बिना नंबर प्लेट वाली मोटरसाइकिलों पर पहुंचे और पास के मंदिर जा रहे तीन युवकों पर हमला कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने दावा किया कि मोटरसाइकिल सवार समूह ने हथियार लहराए, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाया और स्थानीय लोगों के हस्तक्षेप करने से पहले भाग खड़े हुए। हमले में दो लड़के घायल हो गये जिनमें से एक को गंभीर हालत में चंबा मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया।

जैसे ही यह खबर सोशल मीडिया पर फैली, स्थानीय लोग रात आठ बजे के आसपास शहर के पुलिस स्टेशन के बाहर इकट्ठा होना शुरू हो गये। उन्होंने अधिकारियों पर इस हमले को रोकने में विफल रहने का आरोप लगाया । कुछ ही घंटों में भीड़ एक बड़े प्रदर्शन में तब्दील हो गयी। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य सड़क जाम कर दिया, प्रशासन के खिलाफ नारे लगाए और आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की।

स्थिति तब और खराब हो गयी जब कुछ आंदोलनकारी जबरन थाने में घुस गए और हिरासत में लिए गए आरोपियों पर हमला करने की कोशिश करने लगे। भीड़ और पुलिसकर्मियों के बीच हाथापाई शुरू हो गयी जिसके बाद तत्काल अतिरिक्त बल तैनात करना पड़ा।

पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी और सहायक पुलिस अधीक्षक हितेश लखनपाल घटनास्थल पर पहुंचे और तनावपूर्ण बातचीत के बाद भीड़ को तितर-बितर करने में कामयाब रहे। पुलिस ने एक आरोपी की गिरफ्तारी की पुष्टि की है और कहा है कि इस मामले में शामिल 25 से ज़्यादा लोगों की पहचान की गयी है।

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