रूद्रपुर , जनवरी 12 -- उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर जिले में किसान आत्महत्या मामला सामने आने के बाद पुलिस सकते में है और उसने सोमवार को 26 आरोपियों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कर ली, जबकि 12 पुलिस कर्मियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गयी है।
मृतक के भाई परविंदर सिंह की शिकायत पर आईटीआई थाना में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 108 और 318(4) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गयी है। जिन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गयी है उनमें धोखाधड़ी के आरोपी अमरजीत सिंह, दिव्या, रवीन्द्र कौर, लवप्रीत कौर, कुलविंदर सिंह उर्फ जस्सी, हरदीप कौर, आशीष चौहान, गिरवर सिंह, महिपाल सिंह, शिवेन्द्र सिंह, विमल, विमल की पत्नी, देवेन्द्र, राजेन्द्र, गुरप्रेम सिंह, जगपाल सिंह, जगवीर राय, मनप्रीत कलसी, अमित, मोहित, सुखवंत सिंह पन्नू, वीरपाल सिंह पन्नू, बलवंत सिंह बक्सौरा, बिजेन्द्र, पूजा और जहीर शामिल हैं।
आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने 6.84 एकड़ जमीन के नाम पर मृतक किसान सुखवंत सिंह और उसके भाई से 3.82 करोड़ रुपये हड़प लिये और जमीन की न तो रजिस्ट्री की और न ही पैसे वापस दिये। इसी से तनाव में आकर सुखवंत ने गोली मार कर आत्महत्या कर ली। आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गयी है।
दूसरी ओर इसी मामले में ऊधम सिंह नगर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) मणिकांत मिश्रा की ओर से आज सख्त रूख अख्तियार करते हुए आईटीआई थाना और पेगा पुलिस चौकी में तैनात पुलिस कर्मियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गयी है।
उन्होंने आईटीआई थाना प्रभारी कुंदन सिंह रौतेला और उप निरीक्षक प्रकाश बिष्ट को निलंबित कर दिया है जबकि शेष अन्य 10 पुलिस कर्मियों को लाइन हाजिर किया गया है।
उल्लेखनीय है कि 10 जनवरी देर रात को पेगा गांव निवासी किसान सुखवंत सिंह ने हल्द्वानी के काठगोदाम में एक होटल में गोली मार कर आत्महत्या कर ली थी। आत्महत्या से पहले मृतक ने वीडियो बनायी और उसे सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया।
सुखवंत की ओर से जारी वीडियो में आत्महत्या के लिये प्राथमिकी में दर्ज आरोपियों और आईटीआई थाना और पेगा पुलिस के साथ पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को जिम्मेदार बताया गया था।
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