सहारनपुर , जनवरी 10 -- राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के राष्ट्रीय महासचिव एवं युवा सांसद चंदन चौहान ने शनिवार को कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ किसानों के मर्म को अच्छी तरह से महसूस करते हैं और उनकी समस्याओं के समाधान को लेकर तत्परता के साथ प्रभावी निर्णय लेते हैं।

श्री चौहान ने यूनीवार्ता से बातचीत में कहा कि केंद्रीय मंत्री और रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी की मांग पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसान-पशु संघर्ष ने किसानों को सुरक्षा दिए जाने के सभी मामलों को फसल बीमा योजना में शामिल कर लिया है। पहले सड़कों और राजमार्गों पर छुट्टा पशु जमे रहते थे जिससे आए दिन छोटी-बड़ी दुर्घटनाएं होती रहती थीं। खुद उनकी गाड़ी के सामने भी दो-तीन बार अचानक सांडों के आ जाने से उनकी गाड़ी दुर्घटना होते-होते बची।

उन्होने कहा कि योगी सरकार ने बड़े स्तर पर गौशालाओं का निर्माण कराया है। जहां पर इन आवारा घूमते पशुओं को इन आश्रय स्थलों में संरक्षण दिलवा दिया। इससे पशु अब सड़कों पर नहीं दिखते। गौ-कटान बंद होने से गौ-माता और उनके बछड़ों-बछड़ियों की दुआएं योगी आदित्यनाथ को मिल रही हैं। योगी की शौहरत बेहतर कानून व्यवस्था एवं अपराध नियंत्रण को लेकर है। संवेदनशील और कुशल प्रशासक होने के नाते उन्होंने इस बार गन्ना मूल्य बढ़ाकर 400 रूपए प्रति क्विंटल कर दिया। जब वह लोकदल की इस मांग को लेकर उनसे मिले थे तो उनका कहना था कि उनके यहां भी गन्ने की बड़े पैमाने पर खेती होती है और गन्ना समर्थन मूल्य में वृद्धि से वह भी लाभार्थी रहेंगे।

चंदन चौहान ने कहा कि इस बार गन्ने में बीमारी के चलते गन्ने की फसल कम हुई है। अगले गन्ना पेराई सत्र में योगी सरकार यदि गन्ने के मूल्य में और बढ़ोतरी नहीं करती है तो चीनी मिलों को गन्ना आपूर्ति का संकट पैदा हो जाएगा।

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