नयी दिल्ली , जनवरी 05 -- कांग्रेस ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के उस बयान को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर निशाना साधा है जिसमें ट्रंप ने कहा है कि यदि भारत लगातार रूस से तेल खरीदना जारी रखता है तो वह भारत से होने वाले आयात पर अधिक शुल्क लगायंगे।
पार्टी ने अमेरिकी राष्ट्रपति के इस बयान के बाद प्रधानमंत्री पर तीखा हमला किया और कहा कि श्री मोदी के नेतृत्व वाली सरकार व्यक्तित्व-आधारित विदेश नीति अपनाती रही है जिसका देश को कोई लाभ नहीं हुआ है। पार्टी ने यह भी कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ प्रधानमंत्री का बहुप्रचारित व्यक्तिगत संबंध भारत को आर्थिक दबाव से बचाने में विफल रहा है।
कांग्रेस संचार विभाग के प्रभारी जयराम रमेश ने सोमवार को सोशल मीडिया एक्स पर लिखा "व्हाइट हाउस में प्रधानमंत्री के अच्छे दोस्त ने भारत के प्रति अपना 'गर्म झटका, ठंडा झटका' वाला रवैया जारी रखा है। उन्होंने एक बार फिर धमकी दी है कि अगर भारत ने रूस से तेल खरीदना बंद नहीं किया तो अमेरिका भारत से आयात पर अधिक शुल्क लगाएगा। नमस्ते ट्रम्प, हाउडी मोदी कार्यक्रम, जबरन गले मिलना और ट्रम्प की प्रशंसा करने वाले उन सभी सोशल मीडिया पोस्ट ने बहुत कम अच्छा किया है।"श्री रमेश ने कहा, "नमस्ते ट्रम्प, हाउडी मोदी कार्यक्रमों, उन सभी (जबरन) गले लगने और अमेरिकी राष्ट्रपति की सराहना करने वाले उन सभी सोशल मीडिया पोस्टों ने बहुत कम अच्छा किया है।"यह टिप्पणी भारत-अमेरिका व्यापार संबंधों में नई अनिश्चितता के बीच आई है, क्योंकि वाशिंगटन ने चल रहे भू-राजनीतिक तनाव की पृष्ठभूमि में रूस के साथ ऊर्जा व्यापार जारी रखने वाले देशों पर दबाव बढ़ाया है। भारत ने यह तर्क देते हुए रियायती दर पर रूसी कच्चा तेल खरीदने के अपने फैसले का लगातार बचाव किया है कि अपने नागरिकों के लिए सस्ती ऊर्जा सुनिश्चित करना एक संप्रभु प्राथमिकता है और ऐसी खरीदारी मौजूदा अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों के ढांचे के भीतर है।
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