बेंगलुरु , अक्टूबर 21 -- महिला अधिकार कार्यकर्ताओं, सामाजिक संगठनों और 80 से ज्यादा पत्रकारों ने मंगलवार को कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया को एक ज्ञापन सौंपकर राज्य में यौन उत्पीड़न और हत्या के अनसुलझे और संदिग्ध मामलों की दोबारा जाँच की माँग की।

ज्ञापन में सौजन्या, पद्मलता और यमुना एवं नारायण जैसे मामलों की फिर से जांच करने की मांग की गयी है। इन मामलों में गवाहों की रहस्यमय परिस्थितियों में मौत हो गयी थी।

प्रतिनिधिमंडल ने आग्रह किया कि दक्षिण कन्नड़ के बेलथांगडी तालुका के धर्मस्थल में हाल ही में हुए क्रूर अपराधों की जाँच कर रहे विशेष जाँच दल (एसआईटी) को निष्पक्ष और गहन जाँच करने के लिए पूरी स्वतंत्रता प्रदान की जानी चाहिए। यह भी कहा गया कि दल को किसी भी बाहरी दबाव या हस्तक्षेप से मुक्त होकर काम करने दिया जाना चाहिए।

ज्ञापन में पिछले मामलों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों की कड़ी जवाबदेही सुनिश्चित करने का आग्रह किया गया। इसके साथ ही पीड़ितों और उनके परिवारों के लिए व्यापक सुरक्षा, संरक्षण और पुनर्वास उपायों का भी आह्वान किया गया।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित