नयी दिल्ली , नवंबर 22 -- केंद्रीय कपड़ा मंत्री गिरिराज सिंह ने शनिवार को कहा कि आक (मिल्कवीड) से बने रेशों में कपड़ा क्षेत्र में क्रांति लाने की क्षमता है।

श्री सिंह ने उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में उत्तर भारतीय वस्त्र अनुसंधान संघ (निट्रा) के दौरे पर संस्थान के परिसर में उगायी जा रही आक की फसल का निरीक्षण किया। केंद्रीय मंत्री ने आक पर निट्रा के अग्रणी अनुसंधान की प्रशंसा करते हुए कहा कि इसमें कपड़ा क्षेत्र में क्रांति लाने की क्षमता है। यह आधुनिक युग के रेशों में से एक है। उन्होंने कहा कि निट्रा ने इस तकनीक को पहले ही कई प्रमुख कंपनियों को हस्तांतरित कर दिया है और इसे अपनाने के लिए अन्य कंपनियों के साथ बातचीत कर रहा है।

केंद्रीय मंत्री ने निट्रा में स्थापित देश की पहली मैनिकिन फ्लेम टेस्ट प्रणाली को औपचारिक रूप से राष्ट्र और उद्योग जगत को समर्पित किया। उन्होंने नव स्थापित इस प्रणाली के बारे में कहा कि इससे न केवल कपड़ा उद्योग, बल्कि इस्पात, तेल, गैस, पेट्रोलियम, रेलवे और रसायन क्षेत्र को भी लाभ होगा। यह परीक्षण प्रणाली उच्च जोखिम वाले वातावरण में कामगारों के जीवन की रक्षा करने में मदद करेगी। निट्रा के महानिदेशक डॉ. एम.एस. परमार ने कहा कि यह तकनीक सुरक्षात्मक कपड़ों के महत्व को मजबूत करती है और विभिन्न उद्योगों के लिए आवश्यक सुरक्षात्मक कपड़ा के सटीक प्रकार को निर्धारित करने में मदद करती है।

श्री सिंह ने उद्योगों से आक-आधारित और अधिक उत्पाद विकसित करने और भारत तथा विदेशों में निट्रा के अनुसंधान को आगे बढ़ाने का आग्रह किया।

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