जशपुर , जनवरी 07 -- छत्तीसगढ के जशपुर में गौ तस्करी के खिलाफ चल रहे विशेष अभियान 'ऑपरेशन शंखनाद' के तहत पुलिस ने पिछले एक सप्ताह में दो अलग-अलग घटनाओं में कुल 20 गौवंशों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया है और एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस की उस व्यापक मुहिम का हिस्सा है, जिसके तहत अब तक 1,400 से अधिक पशुओं को बचाया जा चुका है।
पुलिस ने अनुसार पहली घटना मंगलवार को सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के डूमरटोली जंगल में घटी, जहाँ मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने 38 वर्षीय अजीत राम को 10 गौवंशों को पैदल हाँक कर झारखंड ले जाते पकड़ा। आरोपी के पास पशुओं को ले जाने का कोई वैध दस्तावेज नहीं था। उसके खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तारी दी गई और उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
दूसरी घटना थाना लोदाम क्षेत्र में सामने आई, जहाँ पुलिस काे पीछा करते देख तस्कर पिकअप वाहन छोड़कर फरार हो गये। वाहन के अंदर से 10 गौवंश बरामद हुए, जिन्हें रस्सियों से बाँधकर ठूँस-ठूँस कर रखा गया था। पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया और वाहन जब्त कर लिया गया। फरार तस्करों की तलाश जारी है।
जशपुर पुलिस के वरिष्ठ अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने बताया, "ऑपरेशन शंखनाद की शुरुआत 2024 से की गई थी और यह निरंतर जारी है। अब तक 144 मामलों में 239 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं और 70 से अधिक वाहन जब्त किए गए हैं।" उन्होंने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य न केवल तस्करी के नेटवर्क को तोड़ना है, बल्कि पशुओं के प्रति क्रूरता को रोकना और कानून का शासन सुनिश्चित करना भी है।
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