कोरबा, 07 जनवरी 2026 (वार्ता) छत्तीसगढ़ में दक्षिण पूर्व कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) की दीपका खदान में बुधवार को हुआ हैवी ब्लास्टिंग एक बार फिर विवादों में घिर गया। हरदीबाजार थाना क्षेत्र अंतर्गत सुवाभोंडी के पास विस्फोट के बाद उछले पत्थरों की चपेट में आने से एक ग्रामीण की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।

मृतक की पहचान रेकी निवासी लखन लाल पटेल (60) के रूप में की गई है। बताया जा रहा है कि विस्फोट के दौरान उछला भारी पत्थर सीधे ग्रामीण के ऊपर गिरा, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई।

एसईसीएल के जनसंपर्क अधिकारी शनिष चंद्र ने बताया कि यह घटना अत्यंत ही दुखद है। ब्लास्टिंग से पूर्व सायरन देना, आस-पास को सतर्क करना स्थापित प्रक्रिया का हिस्सा है तथापि एरिया प्रबंधन घटना का विश्लेषण कर रही है।

घटना को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि हैवी ब्लास्टिंग को लेकर पांच जनवरी को एसईसीएल के मुख्य महाप्रबंधक कार्यालय में अधिकारियों और ग्रामीणों के बीच बैठक हुई थी, जिसमें भारी विस्फोट नहीं किए जाने का आश्वासन दिया गया था। इसके बावजूद कुछ ही दिनों बाद यह गंभीर हादसा सामने आ गया।

ग्राम पंचायत के सरपंच लोकेश्वर कंवर ने बताया कि बैठक में ग्रामीणों ने विस्फोट से हो रही समस्याओं को विस्तार से रखा था लेकिन उनकी बातों को गंभीरता से नहीं लिया गया।

वहीं पंचायत उपाध्यक्ष प्रतिनिधि मुकेश जायसवाल ने कहा कि हैवी ब्लास्टिंग के चलते आसपास के घरों को नुकसान पहुंच रहा है। कई मकानों के छज्जे क्षतिग्रस्त हो चुके हैं और बोरिंग तथा घरेलू संरचनाओं पर भी असर पड़ा है।

घटना की सूचना मिलते ही हरदीबाजार एवं कुसमुंडा थाना पुलिस के साथ जिला प्रशासन हरकत में आया। मौके पर उप जिलाधिकारी पाली भी पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने-बुझाने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन द्वारा मामले की जांच और आगे की कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है।

फिलहाल घटना ने एसईसीएल की खदानों में सुरक्षा मानकों और ब्लास्टिंग प्रबंधन पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

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