चंडीगढ़ , अप्रैल 30 -- हरियाणा के राज्यपाल असीम कुमार घोष ने शैक्षणिक संस्थानों से पाठ्यक्रम को उद्योग की जरूरतों और नई तकनीकों के अनुरूप बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान देना नहीं, बल्कि ऐसे नवप्रवर्तक और उद्यमी तैयार करना है जो नौकरी मांगने वाले नहीं, बल्कि नौकरी देने वाले बनें।
पंचकूला में 'स्टेट सपोर्ट मिशन' और स्वर्ण जयंती हरियाणा इंस्टीट्यूट फॉर फिस्कल मैनेजमेंट द्वारा आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल ने "समर्थ हरियाणा" के विजन को आगे बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि नीति, शिक्षा, प्रौद्योगिकी और उद्योग के समन्वय से ही राज्य को ज्ञान और नवाचार का केंद्र बनाया जा सकता है।
इस दौरान 'राष्ट्रीय शिक्षा मूल्यांकन एवं सत्यापन' (एनईईवी) पोर्टल का प्रदर्शन किया गया, जो नेशनल एजुकेशन पालिसी 2020 के क्रियान्वयन की निगरानी के लिए एक डेटा आधारित मंच है।
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