हल्द्वानी , दिसंबर 03 -- उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को हल्द्वानी के बनभूलपुरा क्षेत्र में रेलवे अतिक्रमण और प्रदेश में बदलती डेमोग्राफी की कोशिशें बर्दाश्त नहीं की जायेंगी।

श्री धामी आज हेलीकॉप्टर से हल्द्वानी के गोलापार हैलीपैड पर उतरे और जहां जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और जनप्रतिनिधियों ने उन्हें गुलदस्ता भेंट कर अभिनंदन किया। इस दौरान किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष नरेंद्र मेहरा ने गन्ने के समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी के लिए मुख्यमंत्री को धन्यवाद देते हुए प्रतीक स्वरूप उन्हें गन्ना भेंट किया।

इसके बाद मुख्यमंत्री काठगोदाम स्थित केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) परिसर पहुंचे, जहां भूतपूर्व अर्धसैनिक बलों के सम्मेलन में शामिल हुए। मंच से श्री धामी ने कहा कि कोई भी सैनिक कभी 'भूतपूर्व' नहीं होता, वह जीवनभर 'अभूतपूर्व' ही रहता है। सरकार ने सैनिकों के सम्मान में अनुग्रह राशि बढ़ाई है और शहीद स्मारकों पर सम्मान-द्वार तैयार किए जा रहे हैं, ताकि आने वाली पीढ़ियाँ वीरों की गाथा से प्रेरणा ले सकें।

उन्होंने बताया कि शहीद परिवारों के एक सदस्य को सरकारी सेवा में समायोजित करने की व्यवस्था के तहत अब तक 28 परिवारों को नियुक्ति दी जा चुकी है।

हल्द्वानी के बनभूलपुरा क्षेत्र में रेलवे अतिक्रमण और प्रदेश में बदलती डेमोग्राफी पर मुख्यमंत्री ने कड़ा संदेश दिया। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि डेमोग्राफिक बदलाव की कोशिशें बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। फर्जी प्रमाणपत्रों के सहारे घुसपैठ करने वालों की जांच तेज है और सभी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। उन्होंने बताया कि लैंड जिहाद पर कठोर रुख अपनाते हुए प्रदेश में 10,000 एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को मुक्त कराया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य है जिसने समान नागरिक संहिता को लागू कर चुनावी वादा पूरा किया है।

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