नैनीताल , फरवरी 09 -- उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने हल्द्वानी के देवखड़ी नाला पर अतिक्रमण के मामले में सोमवार को सुनवाई करते हुए प्रदेश सरकार को निर्देश दिए कि अभी तक हुई जनसुनवाई को लेकर दो सप्ताह में रिपोर्ट प्रस्तुत करें। साथ ही देवखड़ी नाला से संबंधित समस्त दस्तावेज और राजस्व रिकॉर्ड भी अदालत में पेश करें।

मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार गुप्ता और न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ में आज देवखड़ी नाला पर हुए अतिक्रमण को लेकर दायर स्वत: संज्ञान वाली जनहित याचिका पर सुनवाई हुई।

न्यायमित्र अधिवक्ता आदित्य प्रताप सिंह की ओर से अदालत को बताया गया कि अभी तक तीन जन सुनवाई हो चुकी है। विगत दो फरवरी को अंतिम जन सुनवाई हुई है। सभी लोगों को सुनवाई का मौका दिया गया है। इसके बाद अदालत ने सरकार को निर्देश दिए कि वह दो सप्ताह में अनुपालन रिपोर्ट पेश करें।

अदालत ने यह भी कहा कि देवखड़ी नाला से संबंधित सभी दस्तावेज और राजस्व रिकॉर्ड भी उपलब्ध करायें। सुनवाई के दौरान कुछ अतिक्रमणकारियों की ओर से आशंका व्यक्त की गई कि सरकार और प्रशासन उनको हटाने को लेकर सख्त कदम उठा सकता है।

न्यायमित्र अधिवक्ता की ओर से कहा गया कि अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी किये गये हैं लेकिन उन्हें हटाने को लेकर फिलहाल कोई सख्त क़दम नहीं उठाया जाएगा। अदालत ने न्यायमित्र अधिवक्ता के वक्तव्य को रिकार्ड में दर्ज कर लिया है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित