बीजापुर , दिसंबर 06 -- छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में चल रहे 'आपकी पूंजी आपका अधिकार' अभियान ने आम लोगों के लिए आर्थिक सशक्तिकरण की नई मिसाल कायम की है। इस अभियान के तहत वर्षों से निष्क्रिय पड़े बैंक खातों के असली हकदारों को अब तक 1.65 करोड़ रुपये से अधिक की राशि लौटाई जा चुकी है।
यह पहल डिपॉजिटर्स एजुकेशन एंड अवेयरनेस फंड (डीईएएफ) योजना के तहत संचालित है, जिसका मकसद पिछले दस वर्षों से निष्क्रिय खातों का त्वरित व पारदर्शी निपटान करना है।
जिला पीआरओ से शनिवार को मिली जानकारी के मुताबिक जिला कार्यालय में आयोजित एक कार्यशाला में बताया गया कि अक्टूबर से शुरू हुआ यह अभियान 31 दिसंबर तक सभी विकासखंडों में मेगा शिविरों के माध्यम से चलेगा। कलेक्टर संबित मिश्रा के मार्गदर्शन और जिला प्रशासन की सक्रिय भूमिका के चलते अब तक 7.27 करोड़ रुपये से अधिक की राशि वाले निष्क्रिय खातों की पहचान की जा चुकी है। बैंकवार समीक्षा में भारतीय स्टेट बैंक में सबसे अधिक ऐसे खाते पाए गए हैं।
शिविरों में 35 से अधिक नागरिकों के दस्तावेज़ों का सत्यापन कर मौके पर ही उनके दावे निपटाए गए। कलेक्टर ने इस पहल को आमजन के आर्थिक अधिकारों की रक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
कार्यशाला में भारतीय रिजर्व बैंक के एलडीओ, जिला कोषालय अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी, जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, अग्रणी बैंक अधिकारी अमृत कुमार एक्का, विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधक और एसबीआई लाइफ व एलआईसी के अधिकारी उपस्थित थे। यह अभियान प्रशासन की जन-केंद्रित पहल और वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
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