नयी दिल्ली , नवंबर 20 -- बिहार पवेलियन में दो लाख 65 हजार रुपये मूल्य की 22 कैरेट गोल्ड फॉयल वाली तिरुपति बाला जी की पेंटिंग, एक लाख रुपये मूल्य की चांदी की मछली और छठ मैया को अर्घ्य देती जूट की गुड़िया आकर्षण का केंद्र बनी हुई है।

गौरतलब है कि बिहार इस भारतीय अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेला 2025 के साझीदार राज्य के तौर पर शामिल हुआ है। इस बार बिहार पवेलियन के हथकरघा और हस्तनिर्मित उत्पाद लोगों का दिल जीत रहे हैं। यहां पर कृष्णा देवी के स्टॉल पर दो हजार रुपये से लेकर दो लाख पैसठ हजार रुपये तक की पेंटिंग उपलब्ध है। चित्रकला में 22 कैरेट गोल्ड फॉयल के साथ ही सेमी-प्रेशियस स्टोन का भी इस्तेमाल किया गया है।

श्रीमती कृष्णा ने बताया कि वह इस कला को आगे बढ़ाने के लिए 15 महिलाओं और 20 पुरुषों को प्रशिक्षण दे रही हैं। उन्होंने बताया कि वह 12 साल तमिलनाडु में रहकर यह कला सीखी और लॉकडाउन के बाद बिहार लौटकर इस परंपरा को आगे बढ़ा रही हैं।

बिहार पवेलियन में शिवेश ठाकुर के स्टॉल पर एक लाख का चांदी की मछली लोगों को लुभा रही है। यहां मौजूद ब्रह्म प्रकाश ने बताया, " हमारे स्टॉल पर चांदी की मछली के अलावा पायल, लटकन (पेंडेंट),बिछिया, चूड़ी, कड़ा, अंगूठी, हार, चेन, मूर्तियां सहित 100 से अधिक तरह के उत्पाद हैं जिसकी कीमत एक हजार से लेकर एक लाख रुपये तक है।

वहीं, पवेलियन में जूट की बनी छठ मैया को अर्घ्य देती महिला का जूट की गुड़िया लोगों को लुभा रही है। इस गुड़िया की कीमत 550 रुपये है। स्टॉल पर मौजूद विकास कुमार ने बताया, " मेले में हम 100 से अधिक जुट के सजावट के और घरेलू उपयोग का समान लेकर लेकर आए हैं। इनमें जूट की टोकरी, राधा कृष्ण की मूर्ति, पर्स, गिफ्ट लिफाफे, फाइल फोल्डर जैसे उत्पाद प्रमुख है।

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