विजयवाड़ा , फरवरी 14 -- आंध्र प्रदेश के वित्त मंत्री पय्यावुला केशव ने शनिवार को विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 3,32,205.33 करोड़ रूपये का वार्षिक बजट पेश किया।
बजट में 75,868.09 करोड़ रूपये का राजकोषीय घाटा और 22,002.50 करोड़ रूपये का राजस्व घाटा अनुमानित है। सरकार ने इस वर्ष राजस्व व्यय के लिए 2,56,142 करोड़ रूपये और पूंजीगत व्यय के लिए 48,697.71 करोड़ रूपये का प्रावधान किया है।
वित्त मंत्री ने राज्य की महत्वपूर्ण परियोजनाओं के लिए खजाना खोलते हुए राजधानी अमरावती के विकास के लिए 6,000 करोड़ रूपये और पोलावरम परियोजना के लिए 6,105 करोड़ रूपये आवंटित किए हैं। इसके अलावा, रायलसीमा को वैश्विक बागवानी केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए 30,000 करोड़ रूपये का बड़ा प्रावधान किया गया है।
बजट में स्कूली शिक्षा को प्राथमिकता देते हुए 32,308 करोड़ रूपये की भारी राशि आवंटित की गई है। सिंचाई क्षेत्र के लिए 18,224 करोड़, ऊर्जा विभाग के लिए 13,934 करोड़ और सड़कों, बंदरगाहों व हवाई अड्डों के विकास के लिए 13,546 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों के लिए 13,598 करोड़ और पंचायती राज विभाग के लिए 22,942 करोड़ रूपये आवंटित किए गए हैं।
कल्याणकारी योजनाओं पर ध्यान देते हुए एनटीआर भरोसा (पेंशन) की सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के लिए 27,719 करोड़ रूपये का बड़ा हिस्सा रखा गया है। तल्लीकी वंदनम योजना के लिए 9,668 करोड़ का आवंटन किया गया है। अन्नदाता सुखीभव में किसानों के कल्याण के लिए 6,660 करोड़ दिए गए हैं। अन्य योजनाएं 'एनटीआर आरोग्य सेवा' और 'जल जीवन मिशन' दोनों के लिए 4,000-4,000 करोड़, जबकि 'दीपम 2.0' योजना के लिए 2,601 करोड़ का प्रावधान है।
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