अलवर , दिसम्बर 27 -- राजस्थान में जयपुर के आदर्श नगर विधानसभा क्षेत्र के विधायक रफीक खान ने कहा है कि सरकार उच्चतम न्यायालय में अरावली की परिभाषा को लेकर जो निर्णय है, उसमें 100 मीटर के प्रस्ताव को हटा दें, उसके बाद अरावली पूरी तरह सुरक्षित रहेगी।
श्री खान ने शनिवार को अलवर में पत्रकारों से कहा कि अरावली को बचाने के लिए अलवर पर ही सबसे ज्यादा निगाहें हैं क्योंकि केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री अलवर से ही सांसद हैं। राजस्थान सरकार के वन मंत्री भी अलवर से ही हैं और राजस्थान में विपक्ष के नेता टीकाराम जूली भी अलवर से ही हैं। इसीलिए सब की निगाह अलवर पर हैं। उन्होंने कहा कि अरावली राजस्थान, देश ही नहीं दुनिया की सबसे बड़ी पर्वतमाला की श्रृंखला है। उच्चतम न्यायालय द्वारा 100 मीटर के जो दिशा-निर्देश दिये गये हैं, उससे अरावली नष्ट होगी।
श्री खान ने कहा कि सरकार सिर्फ एक प्रस्ताव लेकर आये कि 100 मीटर की शर्त खत्म की जायेगी। अरावली अरावली है, चाहे उसकी ऊंचाई कितनी भी मीटर है। उन्होंने कहा कि जब तक इस फैसले को लागू नहीं किया जाएगा, किसी भी प्रकार से समझौता नहीं होगा और हर स्तर पर कांग्रेस पार्टी अरावली को बचाने के लिए आंदोलन करेगी।
श्री खान ने कहा कि यह अरावली के खत्म होने से वह माफिया पनप जाएंगे, खनन माफिया पनप जाएंगे और सबसे खास बात है कि पक्षियों के डेरे खत्म हो जाएंगे। हम किसी भी स्थिति में अरावली की परिभाषा को नहीं बदलने देंगे।
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