रायगढ़ , जनवरी 25 -- छत्तीसगढ़ में रायगढ़ जिले के गेजामुड़ा गांव में प्रस्तावित अडानी कंपनी की रेलवे लाइन परियोजना को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। रविवार रात बड़ी संख्या में भू-प्रभावित किसान कोतरा रोड थाना पहुँचे और थाना प्रभारी के नाम लिखित आवेदन सौंपकर कंपनी के ठेकेदारों पर गंभीर आरोप लगाए।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि उनकी सहमति के बिना रेलवे लाइन बिछाने का कार्य किया जा रहा है और विरोध करने पर ठेकेदारों द्वारा हाथ-पैर तोड़ने, झूठे पुलिस मामलों में फंसाने तथा जेल भेजने की धमकियां दी जा रही हैं। किसानों ने इस मामले में एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि अब तक उन्हें उनकी जमीन का मुआवजा नहीं दिया गया है, बावजूद इसके कंपनी के ठेकेदार जबरन उनकी भूमि पर रेलवे लाइन का निर्माण कार्य कर रहे हैं। किसानों ने स्पष्ट किया कि रेलवे लाइन के लिए किए गए भू-अधिग्रहण में किसी भी प्रभावित भूमि स्वामी की सहमति नहीं ली गई है।
ग्रामीणों ने जनसुनवाई की प्रक्रिया पर भी सवाल खड़े किए हैं। उनका आरोप है कि जनसुनवाई औपचारिकता के तौर पर और कथित रूप से फर्जी तरीके से संपन्न कराई गई है। किसानों का कहना है कि उनकी जमीन कौड़ियों के भाव अधिग्रहित की जा रही है, जो पूरी तरह अनुचित है।
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